बेहतर शिक्षा का पर्याय क्वीन मैरी यूनिवर्सिटी

जाने-माने भारतीय पत्रकार प्रणय राय और चिकित्सा शास्त्र में वर्ष 2003 के नोबेल अवॉर्ड विजेता सर पीटर मैन्सफील्ड क्वीन मैरी, लंदन यूनिवर्सिटी के ही छात्र रहे हैं। इसलिए आप भी यहां पढ़कर दुनिया में अपना नाम रोशन कर सकते हैं।
Created On: Nov 5, 2008 03:48 IST

ऑक्सफोर्ड और कैंब्रिज में पढने का सपना ज्यादातर स्टूडेंट्स का होता है, लेकिन कि कुछ ऐसे शिक्षण संस्थान भी हैं, जहां से आप इसी व‌र्ल्ड क्लास लेवॅल की शिक्षा प्राप्त कर सकते हैं। लंदन यूनिवर्सिटी का क्वीन मैरी कॉलेज एक ऐसा ही कॉलेज है, जहां से पढने के बाद आप न केवल अपने विषय के मास्टर हो सकते हैं, बल्कि उसमें बेहतर करियर भी बना सकते हैं। दरअसल, यूके के शिक्षा संस्थानों को बहुत पहले से शिक्षा के क्षेत्र में उच्चस्तरीय प्रतिष्ठा हासिल है। यहां कैंब्रिज और ऑक्सफोर्ड या लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स जैसे शिक्षण संस्थानों के अलावा भी कई ऐसे संस्थान हैं, जो यहां की प्रतिष्ठा में चार चांद लगा रहे हैं। इसमें कोई दो राय नहीं कि इन शिक्षण संस्थानों में न केवल आपको ऑक्सफोर्ड, कैंब्रिज जैसा शैक्षणिक माहौल प्राप्त होगा, बल्कि वहां से पढने के बाद आप अपने करियर को एक खास मुकाम भी दे सकेंगे। यदि यह कहें कि इन कॉलेजों में लंदन यूनिवर्सिटी स्थित क्वीन मैरी कॉलेज भी एक ऐसा ही कॉलेज है, तो शायद गलत नहीं होगा। यह कॉलेज न केवल रिसर्च वर्क के लिए प्रसिद्ध है, बल्कि यहां इस बात को भी सर्वोपरि महत्व दिया जाता है कि यहां के छात्र आज के समय की मांग के अनुरूप शिक्षा प्राप्त कर सकें। द संडे टाइम्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक, क्वीन मैरी से शिक्षा प्राप्त करने वाले गे्रजुएट्स को रोजगार के बेहतर अवसर प्राप्त होते रहे हैं। वास्तव में लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स की तरह क्वीन मैरी कॉलेज को भी शिक्षा-जगत के साथ-साथ कॉर्पोरेट व‌र्ल्ड में भी एक खास ख्याति मिली हुई है। दरअसल, एक्सप‌र्ट्स मानते हैं कि क्वीन मैरी की फैकल्टी, पढाई का स्तर, वहां मौजूद रिसोर्सेज का स्तर कैंब्रिज और ऑक्सफोर्ड से किसी भी मायने में कम नहीं है। ऐसी स्थिति में यदि यह कहें कि जो छात्र कैंब्रिज या ऑक्सफोर्ड में पढने का सपना पूरा नहीं कर पाते, वे क्वीन मैरी में दाखिला मिलने के बाद अपने सपने को पूरा कर सकते हैं, तो बिल्कुल गलत नहीं होगा।

उपलब्ध कोर्स

क्वीन मैरी कॉलेज में अंडरग्रेजुएट और पोस्टग्रेजुएट दोनों तरह के कोर्स उपलब्ध हैं। यहां मुख्यत: निम्नलिखित विषयों की पढाई होती है :

मेडिसिन और डेंटिस्ट्री

लॉ, बिजनेस, इकोनॉमिक्स और अन्य सोशल सांइस के विषय

इलेक्ट्रॉनिक इंजीनियरिंग, कम्प्यूटर साइंस और अन्य साइंस एवं इंजीनियरिंग के विषय।

इंग्लिश, हिस्ट्री एवं अन्य आ‌र्ट्स और मानविकी के विषय।

पॉपुलर कोर्स

उक्त विषयों में जो कोर्स भारतीय छात्रों में लोकप्रिय हैं, उनके नाम इस प्रकार हैं :

अंडरग्रेजुएट कोर्स :  बीएससी, बिजनेस मैनेजमेंट, कम्प्यूटर इंजीनियरिंग, एयरोस्पेस  इंजीनियरिंग, मैकेनिकल इंजीनियरिंग और लॉ।

पोस्टग्रेजुएट कोर्स :  एलएलएम, एमएससी, इंटरनेशनल मैनेजमेंट विद फाइनैंस,  मार्केटिंग ऐंड एमए इन इंटरनेशनल मैनेजमेंट, एमएससी इन डेंटल पब्लिक हेल्थ, एमएससी  इन बायोइन्फॉर्मेटिक्स और एमएससी इन डिजिटल सिग्नल प्रॉसेसिंग आदि।

कोर्स की अवधि

पोस्ट ग्रेजुएट कोर्स की अवधि एक वर्ष और अंडरग्रेजुएट कोर्स की अवधि तीन वर्ष निर्धारित है।

कैसे करें आवेदन

वे स्टूडेंट्स, जो पोस्ट ग्रेजुएशन कोर्स के लिए आवेदन करना चाहते हैं, उन्हें सीधे यानी ऑनलाइन  आवेदन करना होता है, लेकिन अंडरग्रेजुएट कोर्सेज में आवेदन करने के इच्छुक छात्रों को यूकास के माध्यम से आवेदन करना होता है। दरअसल, यूकास यूके का एक सेंट्रल ऑर्गनाइजेशन है, जिसके माध्यम से स्टूडेंट्स यहां कीयूनिवर्सिटीज में दाखिला ले सकते हैं। इसके लिए उन्हें यूकास की वेबसाइट  पर जाकर ऑनलाइन आवेदन करना होता है। इस संस्था के माध्यम से स्टूडेंट्स यूके की सभी यूनिवर्सिटी से संबंधित जानकारी, वहां संचालित कोर्स आवेदन और दाखिले से जुडी सारी सूचनाएं प्राप्त कर सकते हैं।

जरूरी दस्तावेज

जो छात्र पोस्टग्रेजुएट कोर्स के लिए आवेदन करना चाहते हैं, उन्हें आवेदन के साथ निम्न दस्तावेज संलग्न करना होता है :

दसवीं, बारहवीं के अंकपत्र

दो अनुशंसा पत्र

आप क्वीन मैरी में क्यों दाखिला लेना चाहते हैं, से जुडे लेख आदि। इसी प्रकार जो छात्र अंडरग्रेजुएट कोर्स में आवेदन करने के इच्छुक हैं, उन्हें दसवीं, बारहवीं कक्षा में प्राप्त अंक पत्र के साथ-साथ अपने स्कूल टीचर से अनुशंसा-पत्र, आवेदन-पत्र के साथ संलग्न करना होता है।

शैक्षिक योग्यता

क्वीन मैरी में आवेदन करने के लिए यह बेहद जरूरी है कि आपका एकेडमिक रिकॉर्ड बेहतरीन हो। वैसे, सामान्य रूप से स्टूडेंट्स से अलग-अलग कोर्सेज में दाखिले के लिए निम्न शैक्षिक योग्यता की मांग की जाती है : 

पोस्टग्रेजुएट कोर्स :  ग्रेजुएशन में कम से कम साठ प्रतिशत अंक होने चाहिए। साथ ही, आईलेट्स यानी इंटरनेशनल इंग्लिश लैंग्वेज टेस्टिंग सिस्टम में आपने ओवरऑल 6.5 बैंड स्कोर किया हो। यदि आप स्कूल ऑफ मेडिसिन ऐंड लॉ स्कूल में दाखिला लेना चाह रहे हैं, तो इसके लिए आपको आईलेट्स में ओवरऑल 7.0 स्कोर करना होगा।

अंडरग्रेजुएट कोर्स :  जो छात्र अंडरग्रेजुएट कोर्स में दाखिला लेना चाहते हैं, उन्हें बारहवीं में कुल पचहत्तर प्रतिशत अंक प्राप्त होने चाहिए। अधिक जानकारी के लिए आप निम्नलिखित वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं :

www.qmul.ac.uk 

क्या है क्वीन मैरी की खासियत

लंदन यूनिवर्सिटी को विश्व के टॉप सौ और यूके की टॉप दस यूनिवर्सिटीज में गिना जाता है। (संडे टाइम्स यूनिवर्सिटी गाइड-2006)

क्वीन मैरी, यूनिवर्सिटी ऑफ लंदन बेहतर टीचिंग, स्तरीय रिसर्च-वर्क और रेजिडेंशियल कैंपस के लिए प्रसिद्ध है।

सेंट्रल लंदन में स्थित होने के कारण ही क्वीन मैरी कॉलेज छात्रों के लिए खास आकर्षण का केंद्र है।

यहां के स्टूडेंट कम्युनिटी में लगभग तीस प्रतिशत छात्र अंतरराष्ट्रीय हैं।

भारतीय छात्रों को यहां के डिपार्टमेंट कम्प्यूटर साइंस की तरफ से स्कूल ऑफ कम्प्यूटिंग ऐंड  इलेक्ट्रॉनिक्स में संचालित कोर्सेज के लिए दो हजार पौंड की स्कॉलरशिप भी ऑफर की जाती है।

प्रस्तुति : सीमा झा

(एजुकेशनल काउंसलर ऐंड एक्सपर्ट शारदा अई से बातचीत पर आधारित)

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