11वीं के छात्र यूँ करें PMT या NEET की तैयारी, 12वीं पास करते ही हो सकता है सिलेक्शन

आज के जमानें में डॉक्टर्स को भगवान का दर्जा दिया जाता है और एक डॉक्टर को समाज में बहुत सम्मान की नज़रों से देखा जाता है l इसलिए यह पेशा विद्यार्थियों के बीच बहुत लोकप्रिय है l यहाँ हमने 11वीं में पढ़ रहे छात्रों के लिए कुछ खास टिप्स दिए हैं जिन्हें अपनाकर कोई भी विद्यार्थी अपने तैयारी के स्तर को बेहतर कर सकता है l

Apr 16, 2019 16:33 IST
Exam Preparation Tips
Exam Preparation Tips

आज के जमानें में डॉक्टर्स को भगवान का दर्जा दिया जाता है और एक डॉक्टर को समाज में बहुत सम्मान की नज़रों से देखा जाता है l इसलिए यह पेशा विद्यार्थियों के बीच बहुत लोकप्रिय है l एक अच्छा डॉक्टर बनने के लिए एक अच्छे कॉलेज से पढ़ाई करना ज़रूरी है जिसके लिए विद्यार्थियों को PMT (प्री मेडिकल टेस्ट) या NEET (नेशनल एलिजिबिटी कम एंट्रेंस टेस्ट) जैसे एग्जाम क्लियर करने होते हैं l इस परीक्षा के रिजल्ट अनुसार 12वीं पास विद्यार्थी, चिकित्सा-स्नातक पाठ्यक्रम (जैसे एमबीबीएस, बीडीएस आदि) में दाखिला ले सकते हैं l इस परीक्षा में, लाखों की संख्या में छात्र बैठते है, जिनमे से मात्र कुछ हज़ार विद्यार्थी किसी अच्छे कॉलेज में दाखिला ले पाते है l इसका मतलब, इस परीक्षा में बहुत तगड़ा कम्पटीशन होता है जिसमे सफल होने के चांस बहुत काम होते है और असफल होने के चांस बहुत ज़्यादा l

परन्तु विद्यार्थी अगर 11वीं कक्षा से ही ध्यान देना शुरू कर दे तो 12वीं कक्षा के साथ PMT या NEET की परीक्षा में सफल होने के चांस काफी बढ़ जाते हैं l यहाँ हमने 11वीं में पढ़ रहे छात्रों के लिए कुछ खास टिप्स दिए हैं जिन्हें अपनाकर कोई भी विद्यार्थी अपने तैयारी के स्तर को बेहतर कर सकता है l

1: सिलेबस पर ख़ास ध्यान दें

चाहे PMT या NEET हो या फिर कोई और एग्जाम, तैयारी शुरू करने के पहले विद्यार्थियों को सबसे पहले उस एग्जाम के सिलेबस पर ध्यान देना चाहिए l

देखिए 11वीं, 12वीं और उस एग्जाम के सिलेबस में कौन-कौन से टॉपिक्स कॉमन हैं l उसके बाद यह देखिए कि कौन से टॉपिक्स आप 11वीं में पढेंगे और कौन से टॉपिक्स 12वीं में l इससे आपका तैयारी के दौरान काफी समय बचेगा और आपको ये टॉपिक्स अलग से तैयार नहीं करने पड़ेंगे l  

इंटरव्यू में अक्सर पूछे जाते हैं ये 7 सवाल, सही ज़वाब देने पर 99% तक बढ़ जातें है जॉब मिलने के चांस

कैसे करें किसी भी एग्जाम की तैयारी: जब बचा हो एक महीना या एक हफ्ता या फिर एक दिन

2: पुराने पेपर्स से एग्जाम पैटर्न और प्रश्नो का स्तर समझें

सिलेबस के बाद आपको पुराने पेपर्स ज़रूर देखने चाहिए, इससे आपको समझ आ जाएगा कि पूरे पेपर में किस चैप्टर से कितने नंबर के सवाल आतें हैं l पुराने पेपर्स देखकर आपको यह भी समझ आ जायेगा कि एग्जाम में किस स्तर के प्रश्न पूछे जाते हैं l उदाहरण के लिए रसायन विज्ञान में अकार्बनिक रसायन शास्त्र से ज़्यादतर मैमोरी बेस्ड प्रश्न पूछे जाते हैं l

3: आसान और कठिन चैप्टर्स को अलग-अलग करें

पूरा सिलेबस और पुराने पेपर्स देखकर आपको समझ आ जायेगा कि कौन से चैप्टर्स आप आसानी से तैयार कर सकते हैं और किन चैप्टर्स में आपको ज़्यादा मेहनत करनी पड़ेगी l कौन से चैप्टर्स आप स्कूल (या कोचिंग, दोनों) में पढ़ेंगे और कौन से चैप्टर्स आप खुद तैयार करेंगे l
उदाहरण के लिए, ज़्यादतर स्कूलों में भौतिक विज्ञान में इस्तेमाल होने वाले बेसिक गणित के कॉन्सेप्ट्स नहीं पढ़ाये जाते l बेसिक गणित के कॉन्सेप्ट्स का इस्तेमाल भौतिकी के ज़्यादतर न्यूमेरिकल प्रॉब्लम्स में होता है l

4: कमजोर क्षेत्रों का मूल कारण जानें और उन पर काम करें

जैसा की हम जानते हैं, अलग-अलग चैप्टर्स में अलग-अलग टॉपिक्स होते हैं, कुछ टॉपिक्स में थ्योरी ज़्यादा होती है तो कुछ टॉपिक्स में न्यूमेरिकल प्रश्न ज़्यादा होते हैं l

बहुत से विद्यार्थी थ्योरी तो आसानी से तैयार कर लेता है पर उन्हें न्यूमेरिकल प्रश्नों में ज़्यादा दिक्कतें होती हैं l न्यूमेरिकल प्रश्नों में कठिनाई तभी होती है जब बेसिक गणित के कॉन्सेप्ट्स क्लियर न हों l ऐसे छात्र 10वीं कक्षा के बेसिक मैथ्स के कांसेप्ट फिर से पढ़े और उन्हें ज़रूर क्लियर करें l

दुसरे शब्दों में कमजोर क्षेत्रों का मूल कारण जानें और उन पर ध्यान दे, ये आदत अगर 11वीं कक्षा पड़ जाए तो ज्यादा बेहतर होता है l

5: एनसीईआरटी पुस्तकें (NCERT Textbooks & NCERT Exemplar) फॉलो करें

मेडिकल और इंजीनियरिंग एंट्रेंस एग्जाम की तैयारी के लिए एनसीईआरटी पुस्तकें बहुत महत्वपूर्ण हैं l एनसीईआरटी पुस्तकों में गलतियाँ होने की संभावना बहुत कम होती है l इन किताबों में दी गई एक्सरसाइज परीक्षा के दृष्टिकोण से बहुत महत्वपूर्ण है l इसलिए एनसीईआरटी पुस्तकें तैयारी के लिए बहुत ज़रूरी हैं l कभी-कभी NCERT Textbooks और NCERT Exemplar की से डायरेक्ट सवाल पूछ लिए जातें है l इसलिए PMT या NEET की तैयारी के लिए एनसीईआरटी पुस्तकों का महत्त्व बहुत ज़्यादा है अथवा और किताबों के साथ NCERT Textbooks और NCERT Exemplar से ज़रूर प्रैक्टिस करें l

6: हर सब्जेक्ट और चैप्टर के लिए समय निर्धारित करें

PMT या NEET की तैयारी के दौरान आपको भौतिकी, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान के आलावा 11वीं कक्षा के दूसरे विषयों पर भी ध्यान देना होता है l इसलिए तैयारी के दौरान सभी विषयों के लिए समय निर्धारित रखना चाहिए l यह आदत 11वीं कक्षा के शुरुआत से ही हो तो 12वीं कक्षा में ज्यादा दिक्कतें नहीं होती l PMT या NEET की तैयारी के साथ-साथ 12वीं कक्षा में भी अच्छे मार्क्स लाना महत्वपूर्ण है l आपके फाइनल सिलेक्शन के लिए भौतिकी, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान तीनों विषय महत्वपूर्ण है, इसलिए सभी विषय पर ध्यान देना ज़रूरी है l

7: असफलता से निराश न हों

11वीं कक्षा के शुरुआत में सिलेबस काम होता है तो शुरू में विद्यार्थी आसानी से सभी विषयों में सामंजस्य बिठा लेते हैं l पर जैसे-जैसे समय बीतता जाता है सिलेबस बढ़ता जाता है और फिर विद्यार्थियों को सभी विषयों में सामंजस्य बिठाने में दिक्कतें होती हैं l
विषयों के बीच सामंजस्य बिठाने में दिक्कतें हो रहीं हो तो हिम्मत न हारें, और असफलता से निराश न हों तथा लगातार परिश्रम करते रहिये l
अगर आप 11वीं कक्षा में पूरा साल कठिन परिश्रम से सभी विषयों के बीच सामंजस्य बिठा लेते हैं तो आपको 12वीं कक्षा में आपको कम मुश्किल होगी l

निष्कर्ष:

ऊपर दी गईं टिप्स पर ध्यान देकर विद्यार्थी 12वीं पास करते ही PMT या NEET जैसे एग्जाम क्लियर कर सकते हैं l ध्यान रहे तैयारी के दौरान पुराने पेपर्स और सैंपल पेपर्स से प्रैक्टिस करना न भूलें l प्रैक्टिस से ही आप टाइम मैनेजमेंट सीख पाएंगे l
तैयारी के दौरान विद्यार्थियों को पूरे दो साल तक कड़ी मेहनत करनी पड़ेगी l सिर्फ धैर्य और कड़ी मेहनत से ही लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है यहाँ कोई शार्ट कट नहीं चलता l

इन 7 तरीकों से आपके सीखने की क्षमता जबरदस्त तरीके से बढ़ जाएगी

Loading...

Register to get FREE updates

    All Fields Mandatory
  • (Ex:9123456789)
  • Please Select Your Interest
  • Please specify

  • ajax-loader
  • A verifcation code has been sent to
    your mobile number

    Please enter the verification code below

Loading...