भारत में ये सोशल सर्विस जॉब्स दिलवा सकती हैं आपको विशेष पहचान

भारत में अगर आप एक उद्देश्यपूर्ण करियर शुरु करना चाहते हैं तो सोशल सर्विस की फील्ड में आपके लिए कई आकर्षक ऑफर्स उपलब्ध हैं. सोशल सर्विस की फील्ड में अपना करियर शुरु करने के बाद आप अपने समाज और देश में फर्क ला सकते हैं.

Created On: Jun 11, 2021 18:30 IST
Best Social Sector Jobs in India with Special Recognition for You
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वर्तमान समय में भारत की पॉपुलेशन लगभग 1.37 अरब है और भारत में सोशल सर्विस फील्ड के लिए टैलेंटेड प्रोफेशनल्स की मांग लगातार बढ़ रही है. यंगस्टर्स और क्वालिफाइड टैलेंटेड प्रोफेशनल्स के लिए भारत की विभिन्न सोशल सर्विस फ़ील्ड्स में कई करियर ऑप्शन्स उपलब्ध हैं. समाज - कल्याण के लिए कार्य करने पर हमें अक्सर संतोष और सुकून मिलता है. इन दिनों, भारत के बड़े ब्रांड्स और कॉर्पोरेट हाउसेज भी कॉर्पोरेट सोशल रिस्पोंसिबिलिटी (CSR) के तहत अपने बिजेनस प्रॉफिट का एक हिस्सा समाज कल्याण में लगाते हैं. इसलिए, भारत में सोशल सर्विस के क्षेत्र में वर्किंग प्रोफेशनल्स को अच्छी कमाई के साथ-साथ विशेष पहचान भी मिलती है. सोशल सर्विस में पूर्ण रुप से समर्पित प्रोफेशनल्स के लिए भारत में कई जॉब प्रोफाइल्स और करियर ग्रोथ की आशाजनक संभावनाएं उपलब्ध हैं. आइये इस आर्टिकल को आगे पढ़कर जानते हैं कि भारत में सोशल सर्विस की विभिन्न फ़ील्ड्स में कैसे आप नाम के साथ दाम भी कमा सकते हैं:

 भारत में कुछ प्रमुख सोशल सर्विस जॉब्स

अब हम आपके लिए भारत में उपलब्ध कुछ प्रमुख सोशल सर्विस जॉब्स के बारे में महत्त्वपूर्ण जानकारी प्रस्तुत कर रहे हैं:

  • सोशल वर्कर

ये प्रोफेशनल्स प्राइमरी लेवल पर लोगों के बीच जा कर उनकी पारिवारिक, धन संबंधी, हेल्थ और सैनिटेशन आदि प्रॉब्लम्स को सॉल्व करते हैं.

  • बिहेवियर चेंज कम्यूनिकेटर

ये प्रोफेशनल्स अपराधियों और अवसाद से पीड़ित लोगों के बिहेवियर को समाज के मुताबिक बदलने के लिए कोशिश करते रहते हैं. ये पेशेवर अपराधियों और मनोरोगियों के बीच में रहकर उनके व्यवहार में सुधार लाने के लिए निरंतर अपने प्रयास जारी रखते हैं.

  • इन्वेस्टमेंट बैंकिंग प्रोफेशनल

जी हां! सही सोचा आपने.....अगर आप अपने बात करने के तरीके के डोनेशन और इनवेस्टमेंट को सोशल कॉज के लिए रेज़ कर सकते हैं तो या प्रोफेशन आपके लिए ही है.

  • सोशल मिशन एंटरप्रिन्योर

समाज के विभिन्न वर्गों के कल्याण के लिए कुछ नया शुरू करना इन सोशल मिशन एंटरप्रिन्योर्स का प्रमुख काम होता है.

  • रिसर्चर

ये प्रोफेशनल्स हमारे समाज के विभिन्न इश्यूज़ और सोशल प्रॉब्लम्स से निपटने के लिए सामाजिक सन्दर्भों में लगातार रिसर्च करते रहते हैं और इंटेंसिव रिसर्च के आधार पर ही अपने निष्कर्ष सोशियोलॉजिस्ट और सोशल स्कॉलर्स के सामने पेश करते हैं.

  • कंसलटेंट/ टेक्निकल कंसलटेंट

विभिन्न सामाजिक मुद्दों पर अपनी राय और सलाह देना इन प्रोफेशनल्स का काम होता है. विभिन्न सोशल इश्यूज़ को सुलझाने के लिए जरूरत पड़ने पर ये पेशेवर अपनी टेक्निकल ओपिनियन भी पेश करते हैं.

  • कम्युनिकेशन डेवलपमेंट स्पेशलिस्ट

ये प्रोफेशनल्स समाज के विभिन्न वर्गों, सरकारी विभागों और एनजीओज़ के बीच कन्ड्यूसिव कम्युनिकेशन डेवलप करने के लिए अपना योगदान देते हैं.

  • ऑपरेशन ऑफिसर

ये प्रोफेशनल्स विभिन्न सरकारी सोशल प्रोजेक्ट्स को संचालित करने के लिए अपना कीमती योगदान देते हैं.

  • स्किल डेवलपमेंट कंसलटेंट

समाज के पिछड़े वर्गों, असहाय और बेरोजगार लोगों, अनाथ बच्चों और बेसहारा महिलाओं को उनकी रूचि और काबिलियत के मुताबिक स्किल्स सिखाने के लिए ये प्रोफेशनल्स विभिन्न एनजीओज़ और सरकारी संगठनों को अपनी सलाह देते हैं.

  • प्रोजेक्ट हेड/ प्रोजेक्ट ऑफिसर/ प्रोजेक्ट कोऑर्डिनेटर

समाज के कल्याण के लिए विभिन्न सरकारी विभागों और संगठनों में ये पेशेवर विभिन्न सोशल प्रोजेक्ट्स और सोशल मिशनों को तैयार करने और पूरा करने के लिए काम करते हैं. आजकल बड़े लेवल के एनजीओज़ भी अपने बड़े सोशल प्रोजेक्ट्स को सफलतापूर्वक पूरा करने के लिए इन पेशेवरों की सेवायें लेते हैं

  • सोशल पॉलिसी मेकर/ सोशल प्लानर

ये प्रोफेशनल्स प्रमुख रूप से विभिन्न सरकारी विभागों के लिए पॉलिसीज़ और प्लानिंग करते हैं. हमारे देश में मिनिस्ट्री ऑफ़ सोशल जस्टिस एंड एम्पावरमेंट, भारत सरकार का प्रमुख कार्य राष्ट्रीय स्तर पर समाज के सभी वर्गों और विशेष रूप से पिछड़े वर्गों के कल्याण के लिए पॉलिसीज़ और सोशल प्लानिंग करना है.

  • हेल्थ ऑफिसर/ हेल्थ स्पेशलिस्ट

ये प्रोफेशनल्स सामाजिक स्तर पर हेल्थ इश्यूज़ का समुचित समाधान पेश करते हैं. देश और समाज को बीमारियों और महामारियों की चपेट से बचाना इनका सबसे पहला काम होता है.

  • वाटर एंड सैनिटेशन स्पेशलिस्ट

समाज के कल्याण के लिए साफ़ और पीने लायक पानी तथा सैनिटेशन की व्यवस्था करना इन प्रोफेशनल्स का मुख्य जिम्मा होता है.

  • न्यूट्रीशन एक्सपर्ट

समाज के पिछड़े इलाकों में गरीबों और बच्चों को कुपोषण से बचाने में ये लोग अपना योगदान देते हैं ताकि कुपोषण से पैदा होने वाली बीमारियों से लोगों के स्वास्थ्य की रक्षा की जा सके.  

  • कॉर्पोरेट सोशल रिस्पोंसिबिलिटी मैनेजर

देश – दुनिया में ये प्रोफेशनल्स बड़े ब्रांड्स, कॉर्पोरेट हाउसेज़ और एमएनसीज़ की तरफ से सोशल रिस्पोंसिबिलिटी को पूरा करने के लिए विभिन्न सोशल प्रोजेक्ट्स चलाते हैं. भूकंप और बाढ़ आदि प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित लोगों के लिए अस्थाई आश्रय स्थल, भोजन और स्वास्थ्य संबंधी सुविधाएं जुटाने में ये लोग केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों और एनजीओज़ के साथ मिलकर काम करते हैं.

भारत में सोशल सर्विस की प्रमुख वर्किंग फ़ील्ड्स

•    गरीबी की रोकथाम
•    ग्रामीण रोज़गार
•    मानव अधिकार सुरक्षा
•    महिला और बाल कल्याण
•    शेड्यूल्ड कास्ट एंड शेड्यूल्ड ट्राइब्स वेलफेयर
•    बेसहारा और अनाथ लोगों का पुनर्वास (रिहेब्लीटेशन)
•    लोगों के लिए भोजन की व्यवस्था (फ़ूड बैंक)
•    एडल्ट एजुकेशन/ एजुकेशन फॉर अंडरप्रिविलेज्ड पर्सन्स एंड स्ट्रीट चिल्ड्रन
•    चाइल्ड लेबरर्स को बचाना और पुनर्वास
•    केयर एंड रिहेब्लीटेशन – ऑर्फ़न्ड पेशेंट्स, इन्सेन पर्सन्स, कनविक्टेड प्रिजनर्स एंड नीडी पर्सन्स
•    हेल्थ, सैनिटेशन और एनवायरनमेंट से जुड़ी एक्टिविटीज़.

 भारत के प्रमुख सोशल सर्विस चैरिटेबल इंस्टीट्यूशंस

•    यूनाइटेड नेशन्स डेवलपमेंट प्रोग्राम (UNDP)
•    होप फाउंडेशन
•    चाइल्ड रिलीफ एंड यू (CRY)
•    वर्ल्ड विज़न – इंडिया
•    UNEP/ UNICEF
•    USAID
•    हेल्पएज इंडिया
•    गूंज
•    प्रथम एजुकेशन फाउंडेशन
•    सम्मान फाउंडेशन
•    स्माइल फाउंडेशन
•    अक्षय पात्र फाउंडेशन
•    लेप्रा – इंडिया फॉर हेल्थ केयर

भारत में सोशल सर्विस की फील्ड में मिलता है यह सैलरी पैकेज

हमारे देश सहित दुनिया-भर में सोशल सेक्टर से जुड़े लोग हायर सैलरी पैकेज पाने के लिए ही काम नहीं करते हैं बल्कि उन्हें अपने काम से आत्म-संतोष मिलता है. सोशल सेक्टर की फील्ड में आमतौर पर लोगों को केवल गुजारा-भत्ता ही दिया जाता है जैसेकि, इस फील्ड में किसी फ्रेशर को केवल 4 हजार - 5 हजार रुपये मासिक मिलते हैं. टीचिंग की फील्ड में 7 हजार - 8 हजार रुपये मासिक और किसी सरकारी प्रोजेक्ट से जुड़े सोशल अधिकारी को केवल 8 – 10 हजार रुपये तक मासिक मिलते हैं.

लेकिन एक अनुभवी और काबिल कॉर्पोरेट सोशल रिस्पोंसिबिलिटी मैनेजर को एवरेज 8 लाख – 18 लाख तक का सालाना सैलरी पैकेज मिल सकता है. सोशल सेक्टर से संबंधित किसी असिस्टेंट मैनेजर को आमतौर पर 2.5 लाख – 4 लाख रुपये का सालाना सैलरी पैकेज मिलता है. दरअसल, सोशल सेक्टर में मिलने वाला सैलरी पैकेज संबंधित कंपनी या संगठन के कारोबार और फाइनेंशियल स्टेटस पर भी काफी हद तक निर्भर करता है. इसी तरह, सरकारी और गैर सरकारी संगठनों में इन पेशेवरों को अलग-अलग सैलरी मिलती है.

जॉब, इंटरव्यू, करियर, कॉलेज, एजुकेशनल इंस्टीट्यूट्स, एकेडेमिक और पेशेवर कोर्सेज के बारे में और अधिक जानकारी प्राप्त करने और लेटेस्ट आर्टिकल पढ़ने के लिए आप हमारी वेबसाइट www.jagranjosh.com पर विजिट कर सकते हैं.

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