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विज्ञान | तकनीक करेंट अफेयर्स

इसरो और डीआरडीओ ने ‘गगनयान’ मिशन हेतु सहमति पत्र पर हस्ताक्षर किए

1 day ago
रक्षा मंत्रालय के अनुसार, डीआरडीओ की ओर से इसरो को कुछ अहम तकनीक उपलब्ध कराई जाएगी. इनमें अंतरिक्ष में भोजन संबंधी तकनीक, अंतरिक्ष जाने वाले दल की सेहत पर निगरानी, सर्वाइवल किट, विकिरण मापन और संरक्षण तथा पैराशूट इत्यादि शामिल हैं.

भारत ने हवा से हवा में मार करने वाली अस्त्र मिसाइल का सफल परीक्षण किया

1 day ago
इस मिसाइल का परीक्षण ओडिसा के तट पर किया गया है. यह मिसाइल परीक्षण के दौरान अपने निशाने पर सटीक वार किया. अस्त्र मिसाइल पूरी तरह से देश में बनी है.

चंद्रयान-2: इसरो ने चांद पर खोज निकाला विक्रम लैंडर, सरफेस पर सुरक्षित दिखा

Sep 9, 2019
लैंडर ‘विक्रम’ चांद की सतह पर अपनी निर्धारित स्थान से पांच सौ मीटर की दूरी पर दिखाई दिया है. चांद के चक्कर काट रहे ऑर्बिटर ने लैंडर की थर्मल तस्वीर भेजी है. इसरो अध्यक्ष के. सिवन ने यह जानकारी दी है.

चंद्रयान 2: लॉन्चिंग से लेकर अब तक की पूरी कहानी, जानें अब आगे क्या होगा?

Sep 8, 2019
चंद्रयान-2 के अंतिम चरण में भारत के मून लैंडर विक्रम से उस समय संपर्क टूट गया था जब वह चंद्रमा की सतह की ओर बढ़ रहा था. इसरो के अनुसार, रात 1:37 बजे लैंडर की चांद पर ‘सॉफ्ट लैंडिंग’ की प्रक्रिया शुरू हो गई थी. लेकिन लगभग 2.1 किमी ऊपर संपर्क टूट गया था.

चंद्रयान-2: विक्रम लैंडर के साथ संपर्क टूटा, इसरो के वैज्ञानिकों को डेटा का इंतज़ार

Sep 7, 2019
विक्रम लैंडर को रात 1:30 बजे से 2:30 बजे के बीच चांद की सतह पर उतरना था. भारतीय अंतरिक्ष वैज्ञानिकों की उपलब्धि को देखने और उनका हौसला बढ़ाने हेतु प्रधामंत्री नरेंद्र मोदी भी बेंगलुरु में इसरो के मुख्यालय पहुँचे थे.

चंद्रयान-2 की सॉफ्ट लैंडिंग: जाने कब और कैसे उतरेगा चंद्रयान

Sep 6, 2019
चंद्रयान-2 का विक्रम लैंडर 35 किलोमीटर की ऊंचाई से चांद के दक्षिणी ध्रुव पर उतरना शुरू करेगा. तब इसकी रफ्तार 200 मीटर प्रति सेकंड होगी.

चंद्रयान -2 चंद्रमा की कक्षा में प्रवेश किया: जानें अब आगे क्या होगा?

Aug 21, 2019
इसरो के मुताबिक, यह अभियान सफल रहा तो रूस, अमेरिका और चीन के बाद भारत चंद्रमा की सतह पर रोवर पहुंचाने वाला चौथा देश बन जाएगा. विक्रम लैंडर 07 सितंबर को 35 किमी की ऊंचाई से चांद के दक्षिणी ध्रुव पर उतरना शुरू करेगा.

Chandrayaan-2: चंद्रमा की कक्षा में स्थापित हुआ चंद्रयान-2

Aug 20, 2019
चंद्रयान-2 चांद की कक्षा में प्रवेश करने के बाद से 31 अगस्त तक चंद्रमा के चारों ओर चक्कर लगाता रहेगा. इस दौरान एक बार फिर कक्षा में बदलाव किया जाएगा. चंद्रयान-2 को चांद की सबसे करीबी कक्षा तक पहुंचाने के लिए चार बार कक्षा बदली जाएगी.

चंद्रमा की कक्षा में 20 अगस्त को पहुंचेगा चंद्रयान-2: इसरो

Aug 14, 2019
इसरो के मुताबिक, चंद्रयान-2 अभी तक तय कार्यक्रम के अनुसार काम कर रहा है. उसके सभी उपकरण सही तरीके से काम कर रहे हैं. चंद्रयान-2 के लैंडर एयरक्राफ्ट का नाम विक्रम साराभाई के नाम पर ही विक्रम रखा गया है.

Chandrayaan-2: चांद पर पहुंचने में लगेंगे 48 दिन

Jul 22, 2019
चंद्रयान-2 अंतरिक्ष यान 22 जुलाई से लेकर 13 अगस्त 2019 तक पृथ्वी के चारों तरफ चक्कर लगाएगा. इसके बाद 13 अगस्त से 19 अगस्त 2019 तक चांद की तरफ जाने वाली लंबी कक्षा में यात्रा करेगा.

Chandrayaan-2: भारत ने रचा इतिहास, इसरो ने सफलतापूर्वक लाँन्च किया चंद्रयान-2

Jul 22, 2019
मिशन का सबसे पहला उद्देश्य चांद की सतह पर सुरक्षित उतरना और फिर सतह पर रोबोट रोवर संचालित करना है. इससे पहले 15 जुलाई को चंद्रयान-2 की लॉन्चिंग करने वाला था, लेकिन क्रॉयोजेनिक इंजन में लीकेज के कारण इसे 22 जुलाई तक के लिए रोक दिया गया था.

चंद्रयान-2: लॉन्चिंग देखने हेतु 7500 लोगों ने कराया ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन

Jul 22, 2019
इस प्रक्षेपण को देखने के लिए एक गैलरी बनाई गई है. श्रीहरिकोटा के सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र के पास बनी इस गैलरी से लोग लाइव चंद्रयान का प्रक्षेपण देख सकेंगे.

मिशन चंद्रयान-2 का लॉन्चिंग टला, जानें नई तारीख और कारण

Jul 16, 2019
भारत के राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद भी मिशन चंद्रयान-2 की लॉन्चिंग देखने के लिए श्री हरिकोटा में ही थे. वैज्ञानिक दृष्टि के अनुसार, यह बहुत जोखिम भरा होता यदि उड़ान के बाद उसमें खराबी आती. यह लॉन्चिंग होने के बाद विश्व में अंतरिक्ष महाशक्ति कहलाने वाले भारत के लिए यह बड़ी उपलब्धि होगी.

भारतीय सेना की बढ़ी ताकत: अब 500 किलोमीटर तक की रेंज के साथ ब्रह्मोस मिसाइल तैयार

Jul 8, 2019
ब्रह्मोस एक कम दूरी की रैमजेट, सुपरसॉनिक क्रूज मिसाइल है. इसे पनडुब्बी से, पानी के जहाज से, विमान से या जमीन से भी छोड़ा जा सकता है.

भारत ने स्वदेश में विकसित ‘एचएसटीडीवी’ का सफल परीक्षण किया, जाने विस्तार से

Jun 14, 2019
एचएसटीडीवी हाइपरसोनिक गति से उड़ान भरने वाले यान के लिए मानवरहित प्रदर्शक वाहन है. यह 20 सेकेंड में मैक-छह की रफ्तार और 32.5 किलोमीटर ऊंचाई तक जा सकता है.

2030 तक भारत अंतरिक्ष में अपना स्पेस स्टेशन स्थापित करेगा: इसरो

Jun 14, 2019
भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) द्वारा घोषणा की गई कि 2030 तक अंतरिक्ष में भारत का अपना अंतरिक्ष स्टेशन स्थापित किया जायेगा. इससे पहले गगनयान के बारे में भी घोषणा की गई थी.

अंतरिक्ष में भारत की सैन्य ताकत; सरकार ने डीएसआरओ को हथियार बनाने की दी मंजूरी

Jun 13, 2019
यह एजेंसी अंतरिक्ष युद्ध को ध्यान में रखते हुए अत्याधुनिक हथियार प्रणालियों और तक तकनीक का विकास करेगी. कुछ समय पहले ही सरकार ने उच्च स्तरीय बैठक में इस एजेंसी के गठन का फैसला किया था.

अमेरिका ने भारत को सशस्त्र ड्रोन बेचने की मंजूरी दी, जानिए इसकी खासियत

Jun 10, 2019
इसका मुख्य उद्देश्य भारत की सैन्य क्षमता में बढ़ोतरी करना और हिंद-प्रशांत क्षेत्र में दोनों देशों के हित में सुरक्षा इंतजामों को बढ़ाना है.

चीन ने पहली बार समुद्री जहाज से अंतरिक्ष में रॉकेट लॉन्च किया

Jun 6, 2019
चीन ने समुद्र स्थित प्लेटफार्म से पहली बार अंतरिक्ष में रॉकेट लांच किया है. यह लांग मार्च कैरियर रॉकेट सीरीज का 306वां अभियान है.

एम्स में भारत का पहला मल्टी-स्क्लेरोसिस क्लिनिक खोला जायेगा

Jun 2, 2019
भारत में लोगों को इस बीमारी से बचाने, रोग को फैलने से रोकने तथा इस महामारी के संबंध में अध्ययन करने, समर्पित मल्टीपल स्क्लेरोसिस क्लीनिक खोलने की अत्यधिक आवश्यकता है.
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