समान काम के लिए समान वेतन: पटना हाइकोर्ट

Oct 31, 2017 14:39 IST

पटना हाइकोर्ट ने 31 अक्टूबर 2017 को समान काम के लिए समान वेतन लागू करने का निर्णय किया. पटना हाइकोर्ट के चीफ जस्टिस राजेंद्र मेनन की खंडपीठ ने नियोजित शिक्षकों द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए यह फैसला सुनाया.

पटना हाइकोर्ट के अनुसार यह फैसला लागू किया जाना चाहिए नहीं तो इसे संवैधानिक प्रावधानों का उल्लंघन माना जाएगा. हाइकोर्ट ने नियोजित शिक्षकों की याचिका को सुरक्षित रखते हुए आज इस पर सुनवाई की.

केंद्र सरकार ने असम में कृषि व्‍यापार हेतु विश्‍व बैंक के साथ ऋण समझौता किया

समान कार्य के लिए समान वेतन की मांग को लेकर राज्य के नियोजिक शिक्षकों ने कोर्ट में याचिका दायर की थी. नियोजित शिक्षकों की ओर से वरीय अधिवक्ताओं, राजेंद्र प्रसाद सिंह, पीके शाही, विश्वनाथ प्रसाद सिन्हा ने शिक्षकों को मिल रहे वेतन में भेदभाव करने का आरोप लगाया.

CA eBook

सरकार की ओर से अदालत में पेश हुए महाधिवक्ता ललित किशोर ने कहा कि शिक्षकों की नियुक्ति सरकार नहीं करती है, इसलिए समान काम के लिए समान वेतन का सिद्धांत नियोजित शिक्षकों पर लागू नहीं होगा.

याचिकाकर्ताओं ने याचिका में कहा कि राज्य में माध्यमिक विद्यालयों में कार्यरत शिक्षिकों से समान कार्य तो लिया जा रहा है, लेकिन वेतन समान नहीं दिया जा रहा. नियोजित शिक्षकों का वेतन विद्यालय में कार्यरत चतुर्थवर्गीय कर्मचारियों से भी कम है.
विस्तृत current affairs
समान काम के लिए समान वेतन की मांग को लेकर सबसे पहले मुंगेर के हवेली खड़गपुर स्थित बनहरा स्कूल के शिक्षक उपेंद्र राय ने पटना हाइकोर्ट में याचिका दायर की.
इसके बाद 13 अन्य मामले दायर किये गये और सभी मामलों को कोर्ट ने सुरक्षित रख लिया.

टिप्पणी-

समान काम के लिए समान वेतन पर सुप्रीम कोर्ट ने भी केंद्र सरकार को सलाह दी थी कि सरकार इस नीति पर विचार करे, जिससे बिहार के नियोजित शिक्षकों में उम्मीद जगी थी, जिस पर पटना हाइकोर्ट ने अपनी मुहर लगा दी.

 

Is this article important for exams ? Yes4 People Agreed

DISCLAIMER: JPL and its affiliates shall have no liability for any views, thoughts and comments expressed on this article.

Commented

    Latest Videos

    Register to get FREE updates

      All Fields Mandatory
    • (Ex:9123456789)
    • Please Select Your Interest
    • Please specify

    • ajax-loader
    • A verifcation code has been sent to
      your mobile number

      Please enter the verification code below

    This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK