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नए केन्द्रीय जल संसाधन सचिव के रूप में उपेन्द्र प्रसाद सिंह का चयन

उपेन्द्र प्रसाद सिंह भारतीय प्रशासनिक सेवा के वर्ष 1985 बैच के अधिकारी हैं, जो वर्तमान में राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन के महानिदेशक पद पर कार्यरत हैं.

Nov 29, 2017 18:14 IST

केंद्र सरकार ने 27 नवंबर 2017 को भारतीय प्रशासनिक सेवा के वरिष्ठ अधिकारी उपेन्द्र प्रसाद सिंह को नए केन्द्रीय जल संसाधन, नदी विकास एवं गंगा संरक्षण मंत्रालय में सचिव के रूप में नियुक्त किया. वे निवर्तमान केन्द्रीय जल संसाधन सचिव डॉ. अमरजीत सिंह का स्थान लेंगे, जो 30 नवंबर 2017 को सेवानिवृत्त हो रहे हैं.

उपेन्द्र प्रसाद सिंह भारतीय प्रशासनिक सेवा के वर्ष 1985 बैच के अधिकारी हैं, जो वर्तमान में राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन के महानिदेशक पद पर कार्यरत हैं.

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केन्द्रीय जल संसाधन, नदी विकास एवं गंगा संरक्षण मंत्रालय से संबंधित मुख्य तथ्य:

केन्द्रीय जल संसाधन, नदी विकास एवं गंगा संरक्षण मंत्रालय का मुख्य काम भारत के भूजल संसाधनों के आर्थिक एवं पारिस्थितिकी कुशलता के सिद्धांतों के आधार पर वैज्ञानिक वं सतत विकास और प्रबंधन के लिए भूजल संसाधनों के अन्वेषण, आकलन, संरक्षण, संवर्धन, प्रदूषण से सुरक्षा तथा वितरण सहित प्रौद्योगिकी का विकास एवं प्रचार-पसार करना तथा राष्ट्रीय नीतियों की मॉनीटरिंग एवं कार्यान्वयन करना है.

देश के जल संसाधनों के विकास और विनियमन के लिए दिशा-निर्देशों और कार्यक्रमों को बनाने के लिए जल संसाधन मंत्रालय जिम्मेदार है. जनवरी, 1985 में सिंचाई मंत्रालय को पुनः सिंचाई और विद्युत मंत्रालय का एक अंग बना दिया गया तथापि सितम्बर, 1985 में केन्द्रीय सरकार के मंत्रालयों के पुनर्गठन में तत्कालीन सिंचाई और विद्युत मंत्रालय को विभाजित कर दिया गया और सिंचाई विभाग को जल संसाधन मंत्रालय के रूप में पुनर्गठित किया गया. देश के जल संसाधनों से सम्बन्धित सभी मामलों के सम्बन्ध में मंत्रालय को नोडल भूमिका सौंप दी गई.

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