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यूनेस्को की विश्व धरोहर सूची के लिए 15 भारतीय स्थलों की दावेदारी

यूनेस्को विश्व भर में मानवता के लिए उत्कृष्ट माने जाने वाले सांस्कृतिक एवं प्राकृतिक विरासतों की पहचान, संरक्षण और सुरक्षा को प्रोत्साहित करता है। विश्व विरासत समिति ने भारत में विश्व सांस्कृतिक एवं प्राकृतिक विरासत स्थलों की सूची में समावेशन के योग्य बिशनुपुर मंदिर, स्वर्ण मंदिर, लोटस टेम्पल , मुगल गार्डन और माजुली नदी द्वीप आदि शामिल हैं।
Jul 22, 2016 10:12 IST
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यूनेस्को विश्व भर में मानवता के लिए उत्कृष्ट माने जाने वाले सांस्कृतिक एवं प्राकृतिक विरासतों की पहचान, संरक्षण और सुरक्षा को प्रोत्साहित करता है। विश्व विरासत समिति ने भारत में विश्व सासंकृतिक एवं प्राकृतिक विरासत स्थलों के संरक्षण के लिए विरासत सूची बनाने हेतु वैश्विक रणनीति अपनाई है। इस सूचि में समावेशन के योग्य निम्न स्थल है: बिशनुपुर मंदिर, स्वर्ण मंदिर, कमल मंदिर, मुगल गार्डन और माजुली का नदी द्वीप आदि शामिल हैं।

1. बिशनुपुर, पश्चिम बंगाल के मंदिर

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बिशनुपुर शहर मिट्टी से बने मंदिरों और बालूचीरी साड़ियों के लिए प्रसिद्ध है। यह बर्धमान प्रखंड के बांकुरा जिले में स्थित है। जोर– बंगाल मंदिर, रासमंछा, पांच रत्न मंदिर, मदनमोहन मंदिर और छिन्नमस्ता मंदिर के साथ इस शहर में भारत के ईंटों से बने सबसे पुराने मंदिर हैं।

2. श्री हरमंदर साहिब, अमृतसर  

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श्री हरमंदिर साहिब या स्वर्ण मंदिर सिक्खों का सबसे पवित्र तीर्थ है और यह सिख धर्म के पांच तख्तों में से एक अकाल तख्त का घर भी है। गुरुद्वारा के चारो तरफ एक बड़ी झील या पवित्र टैंक, है और यह भारत में सबसे प्रसिद्ध गुरुद्वारों में से एक है।

3. कुतुब शाही स्मारक, हैदराबाद

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कुतुब शाही में ग्रेनाइट से बने 21 खूबसूरत गुंबद हैं। यह हैदराबाद के प्रसिद्ध गोलकोंडा किले के पास स्थित है। कुतुब शाही गुंबदों को उंची समतल भूमि पर बनाया गया है। ये चारों तरफ से मेहराबों से घिरे हैं। साथ ही इसमें सुंदर बागीचे भी हैं।

4. शानदार काकातीय मंदिर और द्वार, वारंगल

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काकातीय वंश की प्राचीन राजधानी में वास्तुकला के प्राप्त दो महत्वपूर्ण संरचनाएं हैं– स्वयंभू मंदिर और रामप्पा मंदिर। शानदार काकातीय मंदिर और द्वार में वारंगल के किले के स्वयंभू मंदिर और कीर्तीतोरणओं की 3 श्रृंखला स्थल, एक हजार स्तंभों वाला हनुमाकोंडा और पालमपेट का रामप्पा मंदिर है।

5. लोटस टेम्पल, दिल्ली

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लोटस टेम्पल या कमल मंदिर नई दिल्ली में है, यह कमल के फूल के आकार में बनाया हुआ है और अद्भुत वास्तुकला एवं ऐतिहासिक महत्व के लिए जाना जाता है। इस मंदिर ने अपनी वास्तुकला के लिए कई पुरस्कार जीते हैं और विश्व के सबसे अधिक बार देखे गयी इमारत के तौर पर जाना जाता है।

6. मुगल गार्डन, कश्मीर

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भारत में कश्मीर का मुगल गार्डन सबसे खूबसूरत गार्डन में से एक है। इसे मुगलों ने फारसी वास्तुकला शैली में बनवाया था। इसमें निशात बाग, शालीमार बाग, चश्मा शाही, वेरीनाग बाग, अचाबल बाग और परी महल है।

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7. शांतिनिकेतन, पश्चिम बंगाल

पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले में बोलपुर के नजदीक छोटा सा कस्बा है शांतिनिकेन। इसकी स्थापना रविन्द्रनाथ टैगोर ने की थी। शांतिनिकेतन कई सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों जैसे होली महोत्सव जिसे पौश मेला कहते हैं, बसंत उत्सव, माघ मेला और बरशा मंगल उत्सवों का आयोजन करता है।

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Image source:raj007mishra.blogspot.com

8. नदी द्वीप माजुली, असम

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तस्वीर स्रोतः www.youthkiawaaz.com

माजुली दुनिया के सबसे बडे नदी द्वीप के तौर पर जाना जाता है। असम में ब्रह्मपुत्र और सुबनसीरी नदी द्वारा इसका निर्माण हुआ है। यह द्वीप भारत में शीर्ष प्राकृतिक आश्चर्यों में से एक है । यह पक्षी प्रेमियों के लिए स्वर्ग भी माना जाता है। यहां जाने का सबसे अच्छा समय नवंबर से मार्च महीने के बीच होता है।

9. मांडू स्मारक समूह, मध्य प्रदेश

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Image source: blog.indianluxurytrains.com

मांडू भारत के सबसे बर्बाद (ruined) शहरों में से एक है। यह पश्चिमी मध्य प्रदेश के मालवा क्षेत्र में स्थित है और अपने समृद्ध एवं पश्तून वास्तुकला की विविधतापूर्ण इतिहास के लिए जाना जाता है। मांडू स्मारक समूहों में रीवा कुंड, हिंडोला महल, बड़े दरवाजे, जहाज महल और बाज बहादुर महल आते हैं।

10. होयसाल के पवित्र स्थान, कर्नाटक

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होयसाल के पवित्र स्थान पश्चिमी घाट के पहाड़ी और वन क्षेत्र के तलहटी में स्थित हैं। होयसाल मंदिर की सबसे उल्लेखनीय वास्तुकला नक्काशी कर बनाए गए मंदिर हैं। इनमें भगवान गणेश, हिन्दुओं के भगवान शिव की मूर्तियों को पत्थरों पर उकेर कर बनाया गया है।

11. पद्म्नाभपुरम महल, केरल

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खूबसूरत पद्मनाभपुरम महल एक पुराना महल है जो कन्याकुमारी (तमिलनाडु) के तिरुवअनंतपुरम में स्थित है। इस महल के परिसर में प्रदर्शन हॉल, चार–मंजिला हवेली, थीकी कोट्टारम और रानी की मां का महल है।

12. नालंदा के खंडहर  

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प्राचीन समय में नालंदा बौद्धों का सबसे बड़ा आश्रम हुआ करता था। नालंदा के खंडरों में ग्यारह आश्रम और ईंटों के छह प्रमुख मंदिर थे। नालंदा के खंडहर में भारतीय पुरात्तव सर्वेक्षण (एएसआई) द्वारा की गई खुदाई में बौद्ध मूर्तियां, मारीची, गणेश, प्रज्ञापरमिता की मूर्तियां प्राप्त हुईं थीं।

13. मट्टनचेरी पैलेस, एर्नाकुलम

मट्टनचेरी पैलेस केरल के ऐतिहासिक स्मारकों में से एक है। यह मट्टनचेरी (एर्नाकुलम जिला) में स्थित है। इस महल को केंद्र द्वारा संरक्षित स्मारक घोषित किया गया है और यहां कोचीन के राजा की तस्वीरें, हिन्दू मंदिर कला और केरल के परंपरागत फर्श निर्माण कला का दुर्लभ उदाहरण देखने को मिलता है।

14. प्राचीन बौद्ध स्थल, सारनाथ

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सारनाथ, बौद्धों द्वारा माने गए चार पवित्र बौद्ध स्थलों में से एक है, यह पवित्र शहर वाराणसी के पास स्थित है। सारनाथ में बने प्राचीन भवनों और संरचनाओं में प्राचीन बौद्ध मठ, अशोक स्तंभ, पुरातात्विक संग्रहालय, धर्मराजिका स्तूप और धामेक स्तूप (भारत में सबसे उंचे बौद्ध स्तूपों में से एक) है।

15. सेल्युलर जेल, अंडमान द्वीप समूह

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सेल्युलर जेल या काला पानी अंडमान एवं निकोबार द्वीपसमूह पर बनी एक जेल है। भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन के राजनीतिक कैदियों को अंग्रेजों के शासनकाल में यहां भेजा जाता था। सेल्युलर जेल पोर्ट- ब्लेयर में है और आज यह परिसर राष्ट्रीय मेमोरियल स्मारक के तौर पर अपनी सेवाएं दे रहा है।

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