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भारत की अर्थव्यवस्था के बारे में 11 रोचक तथ्य

इस समय भारत की अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर पूरी दुनिया में सबसे अधिक है और अब यह दुनिया की 7वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गई है इसमें सबसे बड़ा योगदान सेवा क्षेत्र का है जबकि कृषि क्षेत्र का योगदान हर साल घटता जा रहा है| वर्तमान में भारत की प्रति व्यक्ति आय 92,231 रुपये प्रति वर्ष हो गई है |
Feb 16, 2017 16:09 IST

इस समय भारत की अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर पूरी दुनिया में सबसे अधिक है और अब यह दुनिया की 7वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गई है इसमें सबसे बड़ा योगदान सेवा क्षेत्र का है जबकि कृषि क्षेत्र का योगदान हर साल घटता जा रहा है| वर्तमान में भारत की प्रति व्यक्ति आय 92,231 रुपये प्रति वर्ष हो गई है |

1. कृषि वानिकी और मत्स्यिकी क्षेत्र: इस क्षेत्र को आर्थिक भाषा में प्राथमिक क्षेत्र कहा जाता है | भारत की अर्थव्यवस्था में इस क्षेत्र से होने वाली आय साल दर साल घटती ही जा रही है इसका कारण यह है कि भारत की अर्थव्यवस्था अब कृषि आधारित अर्थव्यवस्था से सेवा क्षेत्र आधारित अर्थव्यवस्था बनने की ओर अग्रसर है| वर्तमान में भारत के सकल घरेलू उत्पाद का लगभग 14% इसी क्षेत्र से आता है| हाल के वर्षों में इसकी बृद्धि दर इस प्रकार है |

Agriculture 2016 17

2. औद्योगिक बृद्धि दर: इस क्षेत्र को अर्थशास्त्र की भाषा में द्वितीयक क्षेत्र (Secondary Sector) कहा जाता है| वर्तमान में भारत की अर्थव्यवस्था का लगभग 16% इसी क्षेत्र से आता है| सरकार का लक्ष्य इस आय को 25% करने का है साथ ही इससे कम से कम 100 मिलियन रोगजार भी मिलने की उम्मीद की जा रही है|  हाल के वर्षों में इसकी बृद्धि दर इस प्रकार रही है |

industrial growth economic survey 2016 17 400

3. मुद्रास्फीति की दर: वस्तुओं और सेवाओं के मूल्यों में लगातार होने वाली बृद्धि को मुद्रास्फीति की स्थिति कहा जाता है| इसमें वस्तुओं और सेवाओं की मांग अधिक परन्तु पूर्ती कम होती है इस कारण इनका मूल्य बढ़ता जाता है| बढती मुद्रास्फीति की दर उपभोक्ताओं को हानि पहुंचाती है जबकि उत्पादकों को फायदा होता है|

INFLATION

4. चालू खाता घाटा: वर्तमान वित्तीय वर्ष में निर्यात प्राप्ति और आयात भुगतान के बीच के अंतर को चालू खाता घाटा कहते हैं | जब किसी देश को निर्यात से होने वाली आय, आयात भुगतान से कम हो जाती है तो उस देश का चालू खाता घाटा बढ़ता जाता है | भारत में चालू खाता घाटा को बढ़ाने में सोने (Gold) और पेट्रोलियम उत्पादों की बहुत बड़ी भूमिका है| ज्ञातव्य है कि भारत दुनिया का सबसे बड़ा सोना (Gold) आयातक देश है, साथ ही भारत अपनी जरुरत का करीब 80% पेट्रोलियम आयात करता है |

चालू खाता घाटा= आयात के लिए किया गया भुगतान > निर्यात से प्राप्त आय

CAD

5. राजकोषीय घाटा: जब सरकार की कुल आय, उसके कुल व्यय की तुलना में कम हो जाती है तो सरकार को इस कमी को पूरा करने के लिए रुपया उधार लेना पड़ता है, इस उधार ली गयी रकम को ही सरकार का राजकोषीय घाटा कहा जाता है| वित्तीय वर्ष 2016-17 में इसे पिछले वर्ष के 3.9% से घटाकर 3.5% पर लाने का लक्ष्य रखा गया है |

fiscal deficit economic survey 2016 17

6. सकल घरेलू उत्पाद की वृद्धि दर : सकल घरेलू उत्पाद का मतलब एक देश की सीमा के भीतर उत्पन्न सभी वस्तुओं और सेवाओं के मूल्यों से होता है| वर्तमान में भारत की विकास दर पूरे विश्व में सबसे ज्यादा है| इस मामले में भारत ने चीन को पीछे छोड़ दिया है| सकल घरेलू उत्पाद की गणना स्थिर मूल्यों और बाजार मूल्यों पर की जाती है| अभी इसकी गणना का आधार वर्ष 2011-12 है |

GDP economic survey 2016 17

7. भारत में साक्षरता : भारत में साक्षरता की परिभाषा यह है कि यदि किसी व्यक्ति की उम्र 7 वर्ष से अधिक है और वह भारत की किसी भी एक मान्यता प्राप्त भाषा को पढ़ और लिख लेता है तो उसे साक्षर माना जाता है | यदि एक व्यक्ति या तो केवल पढना या फिर केवल लिखना जनता है तो उसे साक्षर नही कहा जाता है | भारत मे सबसे ज्यादा साक्षरता इन राज्यों में है: केरल 93.91%,  लक्षद्वीप 92.28%, मिजोरम 91.58%  और सबसे कम साक्षरता (63.82%) बिहार में है |
literacy rate in india since 1951
image source:pib

8. विदेशी मुद्रा भंडार: भारत का विदेशी मुद्रा भंडार अपने अच्छे दौर से गुजर रहा है| भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 3 फरवरी 2017 को 363 अरब डॉलर के स्तर पर था| भारत के मुद्रा भंडार में सबसे अधिक योगदान विदेशी मुद्रा का है (कुल विदेशी मुद्रा भंडार का 90%) इसके बाद स्वर्ण भंडार (कुल विदेशी मुद्रा भंडार का 7%), विशेष आहरण अधिकार (Special Drawing Rights) का योगदान 2% और अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष के पास जमा संपत्ति का योगदान 0.59% है|

Indian forex reserves

9. भारत का जनसंख्या घनत्व: एक किलोमीटर के क्षेत्र में रहने वाले लोगों की संख्या को उस क्षेत्र का घनत्व कहते हैं| 2011 की जनगणना के अनुसार भारत का घनत्व 382 व्यक्ति/किमी2 था | भारत के सबसे अधिक घनत्व वाले राज्य इस प्रकार हैं , बिहार 1106 व्यक्ति/किमी2, पश्चिम बंगाल 1028 व्यक्ति/किमी2 और केरल 860 व्यक्ति/किमी2   है| भारत में सबसे कम घनत्व अरुणाचल प्रदेश (17 व्यक्ति/किमी2) का है |
density in india since 1901
image source:pib

10. भारत की प्रति व्यक्ति आय: प्रति व्यक्ति आय से मतलब होता है कि भारत के नागरिकों की एक वित्तीय वर्ष में औसत आय कितनी है| नीचे दिए गए आंकड़े बाजार मूल्यों पर आधारित हैं | भारत में प्रति व्यक्ति आय के आंकड़े ‘केन्द्रीय सांख्यिकीय संगठन’ द्वारा जारी किये जाते हैं | प्रति व्यक्ति आय = देश की कुल आय

देश की कुल जनसंख्या
per capita income of india180
image source: googleimages

11. भारतीय अर्थव्यवस्था का आकार: सकल घरेलू उत्पाद के मामले में भारत की अर्थव्यवस्था का आकार साल दर साल बढ़ता ही जा रहा है| सन 2006 में US$ 1201 के आकार की  अर्थव्यवस्था 2016 में 2095 अरब अमेरिकी डॉलर की हो गई है और अब यह पूरे विश्व में सातवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गयी है|

size of indian economy

इस प्रकार आंकड़ों के माध्यम से आपने जाना कि 2095 अरब अमेरिकी डॉलर वाली अर्थव्यवस्था की प्रति व्यक्ति आय बढ़कर 92000 रुपये हो गई है और अब इस अर्थव्यवस्था को विश्व में सबसे तेज गति से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था का ख़िताब भी मिल चुका है और उम्मीद की जाती है कि इसी तरह की और उपलब्धियां आगे भी मिलती रहेंगीं|

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