जानें फर्जी GST बिल की जाँच कैसे करें?

भारत सरकार ने 1 जुलाई, 2017 से पूरे देश में वस्तु एवं सेवा कर (GST) लागू किया गया. शुरुआत के दिनों में बिना एयर कंडीशनर (AC) वाले रेस्टोरेंट में उपभोक्ताओं के बिल पर 12% की दर से GST लगाया जाता था और एयर कंडीशनर (AC) वाले रेस्टोरेंट में 18% की दर से. लेकिन वर्तमान में एयर कंडीशनर (AC) और बिना एयर कंडीशनर (AC) वाले रेस्टोरेंट में अब कर की दर को घटाकर 5% कर दिया गया है. परन्तु कुछ रेस्टोरेंट के मालिक एक फर्जी GST नम्बर बिल पर छाप कर ग्राहकों से GST वसूल रहे हैं जो कि ग्राहक के साथ है. यह लेख इसी धोखे से बचने के उपाय पर आधारित है.
Created On: Nov 20, 2020 17:33 IST
Modified On: Nov 20, 2020 17:33 IST
Taxes replaced by GST
Taxes replaced by GST

भारत सरकार ने GST के लागू करते समय मध्य वर्ग को रेस्टोरेंट्स में खाना खाने की आजादी देते हुए छोटे रेस्टोरेंट्स के लिए कुछ अलग से नियमों में छूट दी है. इस छूट में सरकार ने सालाना 20 लाख रुपये से कम के व्यापार वाले रेस्टोरेंट्स को GST के लिए रजिस्ट्रेशन से छूट दी है अर्थात इस प्रकार के रेस्टोरेंट्स को न तो GST के लिए रिटर्न भरना है और ना ही उन्हें उपभोक्ताओं से GST वसूल करने का अधिकार है. लेकिन सच्चाई यह है कि कुछ रेस्टोरेंट्स जो कि GST वसूल करने का अधिकार नही रखते हैं वे भी ग्राहकों से GST वसूल कर रहे हैं.

इस लेख में हम आपको यह बताने जा रहे हैं कि किस प्रकार आप यह पता लगा सकते हैं कि कोई रेस्टोरेंट GST लगा सकता है या नहीं.

1. जो रेस्टोरेंट GST लगा सकते हैं उनको सरकार की वेबसाइट पर अपने आपको रजिस्टर करना होगा और जो बिल ग्राहक को दिया जायेगा उस पर भी उस रेस्टोरेंट का GST रजिस्ट्रेशन नंबर लिखा होगा.

(एक बिल जिसमे GST रजिस्ट्रेशन नम्बर दिया गया है)

GST RESTAURANT BILL

2.  जो रेस्टोरेंट GST के लिए रजिस्टर नही है वह आपको बिना GST लगा हुआ बिल देगा और उस पर GST रजिस्ट्रेशन नम्बर नही लिखा होगा. लेकिन कुछ रेस्टोरेंट के मालिक एक फर्जी GST नम्बर बिल पर छाप कर ग्राहकों से GST वसूल रहे हैं जो कि ग्राहक के साथ धोखा है; तो ऐसे किसी भी फर्जी GST रजिस्ट्रेशन नम्बर का पता लगाने के लिए आपको एक सरकारी साईट पर क्लिक करके उस नंबर को भरना होगा जिससे आपको यह पता चल जायेगा कि वह रेस्टोरेंट GST वसूल करने का हक रखता है या नही. साईट का लिंक है: https://services.gst.gov.in/services/searchtp

(एक फर्जी बिल जिस पर GST नम्बर नही लिखा है लेकिन ग्राहक से वसूला गया है)

FAKE GST BILL

कौन से रेस्टोरेंट्स 5% की दर से GST लगा सकते हैं:

i.   गैर-एयर कंडीशनर वाला रेस्तरां

ii.  सड़क के किनारे भोजनालय जो शराब नहीं परोसते हैं

iii.  स्थानीय वितरण रेस्तरां

IV.  पूर्ण एयर कंडीशनिंग वाले रेस्तरां (शराब के साथ या बिना)

V.  गैर-एयर कंडीशनर भोजनालय जो शराब परोसते हैं

VI. रेस्तरां द्वारा दी जाने वाली सर्विस और किसी होटल (जिसका टैरिफ 7,500 से कम हो) के भीतर मौजूद रेस्तरां द्वारा रूम सर्विस पर भी 5% की दर से GST लगाया जायेगा.

VII. यदि कोई खाद्य पदार्थ कैफेटेरिया/कैंटीन/ऑफिस,औद्योगिक इकाई, स्कूल, कॉलेज, छात्रावास, आदि में अनुबंध के आधार पर संचालित होता है तो ऐसी जगहों पर किसी भी खाद्य / पेय (गैर-मादक) पर 5% की दर से जीएसटी लगाया जाता है.
VIII. भारतीय रेलवे/ आईआरसीटीसी द्वारा प्रदान की जाने वाली भोजन / खाद्य सेवाओं पर और उनके द्वारा गाड़ियों और प्लेटफार्मों पर लगने वाले स्टाल्स पर भी 5% जीएसटी लगाया जाता है.

नोट: जिन होटलों का रूम किराया 7500 से अधिक होता है उन पर रेस्तरां वाली सेवाएँ देने के लिए 18% की दर से GST लगाया जाता है. इसके साथ ही क्लब गेस्ट हाउस इत्यादि के अन्दर मौजूद रेस्तरां पर 18% की दर से GST लगाया जाता है.

GST RATE FOOD 2019

नोट: केंद्रीय उत्पाद शुल्क और सीमा शुल्क बोर्ड (CBEC) ने स्पष्ट किया है कि ऐसे रेस्तरां-कम-बार से भी 5% की दर से ही GST वसूल किया जायेगा जहाँ पर प्रथम तल पर AC लगा हुआ है और भोजन और शराब दोनों ही परोसे जाते हैं लेकिन ग्राउंड फ्लोर पर AC नही लगा है और केवल भोजन खिलाया जाता है.

जीएसटी से संबंधित धोखाधड़ी के मामले में, आप शिकायत कैसे दर्ज कर सकते हैं?
ईमेल: helpdesk@gst.gov.in
फोन: 0120-4888999, 011-23370115
ट्विटर: @askGST_Goi, @FinMinIndia
तो इस प्रकार आपने पढ़ा कि किस प्रकार आप GST नम्बर की सहायता से यह पता लगा सकते हैं कि आपको खाना खाने के बाद कुल बिल पर GST चुकाना है या नहीं.
GST बिल क्या है, और यह आम आदमी की जिंदगी को कैसे प्रभावित करेगा?

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