By Priyanka Pal12, Feb 2025 06:40 PMjagranjosh.com
हर व्यक्ति को भाषण देने या मंच पर कुछ भी बोलने से पहले नैतिकता आदि का हमेशा ख्याल रखना चाहिए। आज जानिए फ्रीडम ऑफ स्पीच के बारे में संविधान क्या कहता है।
अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता
हर व्यक्ति को अपने विचारों, विश्वासों, मौखिक, लेखन मुद्रण, चित्र या किसी अन्य तरीके से स्वतंत्रत रूप से व्यक्त करने का अधिकार संविधान में दिया गया है।
अनुच्छेद 19
भारत के संविधान के अनुच्छेद 19 के तहत लिखित और मौखिक रूप से अपना मत प्रकट करने हेतु अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के अधिकार का प्रावधान किया गया है।
स्वतंत्रता
भारत के सभी नागरिकों को विचार करने, भाषण देने और अपने व अन्य व्यक्तियों के विचारों के प्रचार की स्वतंत्रता प्राप्त है।
पत्रकारिता
प्रेस या पत्रकारिता भी विचारों के प्रचार का एक साधन ही है इसलिए अनुच्छेद 19 में प्रेस की स्वतंत्रता भी सम्मिलित है।
देशद्रोह
भारतीय दंड संहिता की धारा 124 (A) में देश की एकता और अखंडता को व्यापक हानि पहुंचाने के प्रयास को देशद्रोह के रूप में परिभाषित किया गया है।
ऐसी ही जनरल नॉलेज, सरकारी नौकरियों, करियर टिप्स, मोटिवेशनल कोट्स और एजुकेशन से जुड़ी तमाम खबरों के लिए जुड़े रहे jagranjosh.com के साथ।