इनकम टैक्स इंस्पेक्टर के लिए प्रोमोशन की संभावनाएं
भारत के आयकर विभाग में भर्ती दो स्तरों पर होती है। आयकर में सहायक आयुक्तों के स्तर पर विभाग में सीधी भर्ती भारतीय राजस्व सेवाओं के माध्यम से की जाती है।
भारत के आयकर विभाग में भर्ती दो स्तरों पर होती है। आयकर में सहायक आयुक्तों के स्तर पर विभाग में सीधी भर्ती भारतीय राजस्व सेवाओं के माध्यम से की जाती है। यह संघ लोक सेवा आयोग के माध्यम से ली जाने वाली मुक्त परीक्षा होती है। दूसरी तरफ आयकर निरीक्षक (इनकम टैक्स इंस्पेक्टर) के स्तर पर भर्ती कर्मचारी चयन आयोग (एसएससी) के द्वारा आयोजित संयुक्त स्नातक स्तर (सीजीएल) परीक्षा में लिखित परीक्षा और व्यक्तिगत साक्षात्कार दौर के जरिए की जाती है। एसएससी सीजीएल परीक्षा के लिए योग्य उम्मीदवार देश में आयकर निरीक्षक के पद का विकल्प चुन सकते हैं और आयोग द्वारा प्रत्येक वर्ष आयोजित की जाने वाली चयन प्रक्रिया का हिस्सा बन सकते हैं। एसएससी सीजीएल परीक्षा की लिखित परीक्षा में चार विषय– सामान्य सतर्कता और तर्कशास्त्र (जनरल इंटेलिजेंस और रीजनिंग), सामान्य अंग्रेजी, मात्रात्मक योग्यता और सामान्य जागरूकता होते हैं।
पहले प्रयास में ही एसएससी सीजीएल की परीक्षा कैसे पास करें?
आयकर निरीक्षक के करिअर की संभावनाएं
एसएससी सीजीएल परीक्षा के जरिए भारत में भर्ती किए जाने वाले आयकर निरीक्षकों को कर मूल्यांकन संबंधी कार्यों या करों के गैर–मूल्यांकन संबंधी कार्यों के लिए नियुक्त किया जाता है। इस पद पर कार्य करने वाले व्यक्ति का ट्रांसफर देश के किसी भी हिस्से में हो सकता है l अतः उम्मीदवार को हमेशा ट्रांसफर के लिए मानसिक रूप से तैयार रहना चाहिए l जब उम्मीदवारों को करों के मूल्यांकन संबंधि कार्य के लिए नियुक्त किया जाता है, तो उन्हें किसी व्यक्ति, भागीदार कंपनी या किसी कंपनी पर लगाए गए आयकर का आकलन करना होता है। आयकर निरीक्षक विभाग के फुट सोल्जर्स होते हैं जो विभाग में व्यक्तियों द्वारा भुगतान किए गए करों की गणना और मूल्यांकन करते हैं और यदि अतिरिक्त कर का भुगतान कर दिया गया है तो अतिरिक्त रकम संबंधित व्यक्ति को वापस करने के लिए जिम्मेदार होते हैं। आयकर निरीक्षकों को कंपनियों या व्यक्तियों के लिए नियमित आधार पर स्रोत पर आयकर में कटौती (टीडीएस) की जिम्मेदारी भी दी जाती है। विभाग द्वारा डाले जाने वाले किसी प्रकार के छापे में वे अपने वरिष्ठ कर्मचारियों के साथ भी जाते हैं और उनके द्वारा इस्तेमाल किए गए अनुचित शब्दों को तुरंत जज करने का दृष्टिकोण उनमें होना चाहिए। वैसे आयकर निरीक्षक जिन्हें गैर–मूल्यांकन कार्य दिया जाता है, आमतौर पर लिपिक स्तर पर काम करते हैं। उनका काम कार्यालय के कागजी काम तक सीमित है और कभी–कभी छापा मारने जा रही टीम का उन्हें हिस्सा बनाया जाता है।
एसएससी सीजीएल ऑडिटर : जॉब प्रोफाइल, सैलरी और प्रोमोशन
वेतनमान (Gross Salary)
वेतन अच्छा मिलता है और पोस्टिंग सुदूर स्थान पर भी दी जा सकती है.
श्रेणी X शहरों के लिए उम्मीदवारों को शुरुआत में 59276/– रु. प्रति माह का वेतन मिलता है।
श्रेणी Y शहरों में वेतन 53884/- प्रति माह और श्रेणी Z शहरों में वेतन 50292/– रु. प्रति माह होता है।
आयकर निरीक्षकों के प्रोमोशन की संभावनाएं
आयकर निरीक्षक (इनकम टैक्स इंस्पेक्टर) के तौर पर नौकरी मिलने के बाद आयकर अधिकारी कड़ी मेहनत और अपने काम के प्रति समर्पण दिखाकर बहुत कम समय में ग्रेड II और ग्रेड I के स्तर पर पहुंच सकते हैं। उन्हें बहुत योग्य होना चाहिए और जिन लोगों के बीच वे काम कर रहे हैं उस समूह में पलक झपकते ही निर्णय लेने वाला होना चाहिए। इस क्षेत्र में कुछ समय तक अनुभव प्राप्त करने के बाद उम्मीदवार सहायक आयकर आयुक्त बन सकते हैं। करीब 10 वर्षों तक सहायक आयुक्त स्तर पर काम करने के बाद आपके पास संयुक्त/ अतिरिक्त आयकर आयुक्त के स्तर पर पहुंचने का अच्छा अवसर होगा। नौकरी के 14 वर्षों के भीतर आप आयुक्त के स्तर पर पहुंच सकते हैं और अपनी समर्पित नौकरी के 15 से 18 वर्षों के भीतर आप संयुक्त/ डिप्टी डायरेक्टर के स्तर पर पहुंच सकते हैं। इस विभाग में कोई व्यक्ति जिस सर्वोच्च पद पर पहुंच सकता है वह है डायरेक्टर (निदेशक)/ चीफ कमिशनर ऑफ इनकम टैक्स (मुख्य आयकर आयुक्त)। इस पद पर कोई उम्मीदवार अपने करिअर के अंतिम वर्षों में ही पहुंच पाता है। विभाग में किसी भी पद से सेवानिवृत्ति के बाद आप कंपनियों या निजी स्वामित्व वाली कंपनियों में सलाहकार के पद पर काम करने के योग्य होते हैं ।