पीएम मोदी को हाल ही में इंडोनेशिया के सर्वोच्च नागरिक सम्मान से सम्मानित किया गया है, पीएम मोदी को इंडोनेशिया की राजधानी जकार्ता में देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘बिंतांग आदिपूर्णा’ (Bintang Adipurna) से सम्मानित किया गया। राष्ट्रपति प्राबोवो सुबियांतो (Prabowo Subianto) ने राष्ट्रपति भवन में आयोजित समारोह के दौरान उन्हें यह सम्मान प्रदान किया।
यह सम्मान भारत और इंडोनेशिया के बीच व्यापक रणनीतिक साझेदारी को मजबूत बनाने और दोनों देशों की दशकों पुरानी मित्रता को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में उनके योगदान के लिए दिया गया। बता दें कि पीएम मोदी ने अपने विजिट के दौरान इंडोनेशियाई संसद को भी संबोधित किया।
इस्ताना मर्डेका में पारंपरिक स्वागत
इससे पहले पीएम मोदी का प्रेसिडेंट पैलेस इस्ताना मर्डेका में पारंपरिक और औपचारिक स्वागत किया गया। भारत और इंडोनेशिया के राष्ट्रीय ध्वज हाथों में लिए बच्चों ने दोनों नेताओं का गर्मजोशी से अभिनंदन किया, जिससे समारोह का माहौल और भी खास बन गया।
दोनों नेताओं के बीच द्विपक्षीय वार्ता
इसके बाद पीएम मोदी और राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की महत्वपूर्ण वार्ता हुई। दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों की व्यापक समीक्षा करते हुए व्यापार, रक्षा, समुद्री सुरक्षा, तकनीक, स्वास्थ्य, शिक्षा और सांस्कृतिक सहयोग जैसे कई अहम क्षेत्रों में साझेदारी को और मजबूत करने पर सहमति जताई। बता दें कि बैठक के बाद कई महत्वपूर्ण समझौतों (MoUs) पर हस्ताक्षर भी किए गए।
वार्ता के दौरान दोनों देशों ने रक्षा, महत्वपूर्ण खनिज (क्रिटिकल मिनरल्स), कृषि, इस्पात, समुद्री सहयोग और उभरती प्रौद्योगिकियों जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने का फैसला किया।
भारत-इंडोनेशिया के बीच हुए कौन से प्रमुख समझौते
शांतिपूर्ण उद्देश्यों के लिए अंतरिक्ष सहयोग समझौते का विस्तार।
चिकित्सा उत्पादों के नियमन में सहयोग।
खनिज और इस्पात आपूर्ति श्रृंखला में साझेदारी।
कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों में सहयोग।
समुद्री सुरक्षा एवं संरक्षा सहयोग का विस्तार।
आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में दोनों देशों के बीच सहयोग।
दूरसंचार प्रौद्योगिकी और सेवाओं में साझेदारी।
दोनों देशों ने की कौन सी प्रमुख घोषणाएं
भारत और इंडोनेशिया ने कई प्रमुख क्षेत्रों में सहयोग के लिए अपनी सहमति दी है, जिनमें इंडोनेशिया को 100 टन हाई क्वालिटी वाले DWR-162 गेहूं के बीज उपलब्ध कराना, ‘टैगोर-देवांतरा सांस्कृतिक एवं शैक्षिक कूटनीति वर्ष’ मनाने की घोषणा और सिंगहसारी SEZ में आईआईएम बेंगलुरु का विदेशी परिसर स्थापित करना शामिल है।
इस दौरे ने न सिर्फ भारत और इंडोनेशिया के रिश्तों को नई मजबूती दी, बल्कि रक्षा, शिक्षा, तकनीक, व्यापार और सांस्कृतिक सहयोग के क्षेत्र में भविष्य की साझेदारी के लिए भी मजबूत आधार तैयार किया। बता दें कि हाल ही में पीएम मोदी को सेशेल्स देश ने अपने सर्वोच्च नागरिक सम्मान से सम्मानित किया था।
