Aadhaar Name Change in Hindi: आधार कार्ड में नाम गलत दर्ज हो गया है, शादी के बाद सरनेम बदलना है या किसी वजह से पूरा नाम बदलना पड़ गया है? ऐसे मामलों में आपके लिए जरूरी खबर है। भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने आधार में नाम अपडेट करने की प्रक्रिया को लेकर नई Standard Operating Procedure (SOP) जारी की है।
यह 2021 में जारी की गई पुरानी प्रक्रिया की जगह ले रहा है। नई SOP को UIDAI ने 18 सितंबर 2026 को अपलोड किया है। इसमें नाम सुधार से लेकर शादी, तलाक, जेंडर चेंज और पूरे नाम में बदलाव तक के मामलों के लिए अलग-अलग नियम बताए गए हैं।
आधार में नाम बदलने के लिए क्या करना होगा?
आधार में नाम अपडेट कराने के लिए आपको आधार सेवा केंद्र जाना होगा। फिलहाल नाम बदलने की सुविधा ऑनलाइन myAadhaar पोर्टल से उपलब्ध नहीं है। ऑनलाइन माध्यम से मुख्य रूप से एड्रेस अपडेट किया जा सकता है।
सबसे पहले आधार सेवा केंद्र के लिए अपॉइंटमेंट बुक करें या नजदीकी एनरोलमेंट सेंटर खोजें। वहां Aadhaar Enrolment-Update Form भरना होगा। इसमें अपना संशोधित नाम ब्लॉक लेटर्स में लिखना होगा। ध्यान रखें कि नाम के साथ कोई टाइटल या उपनाम नहीं जोड़ा जा सकता।
कौन से डॉक्यूमेंट होंगे जरूरी
इसके बाद जरूरी Proof of Identity (PoI) या मामले से संबंधित अन्य डॉक्यूमेंट जमा करने होंगे। यदि नाम में बड़ा बदलाव किया जा रहा है, तो Gazette Notification जैसे अतिरिक्त डॉक्यूमेंट की जरूरत पड़ सकती है। डॉक्यूमेंट की जांच के बाद आवेदन को प्रमाणित किया जाएगा।
छोटी गलती के लिए भी बदल सकता है नाम
हर नाम बदलाव को UIDAI पूरी तरह नया नाम बदलना नहीं मानता। यदि सिर्फ मिडिल या सरनेम जोड़ना या हटाना है, नाम का क्रम बदलना है, किसी छोटे नाम या abbreviation को पूरा करना है या उच्चारण से मिलती-जुलती स्पेलिंग ठीक करनी है, तो इसे Minor Name Change माना जा सकता है।
UIDAI की गलती है तो कैसे होगा सुधार?
कभी-कभी व्यक्ति सही डॉक्यूमेंट जमा करता है, लेकिन आधार में नाम गलत दर्ज हो जाता है। ऐसी स्थिति को Data Entry Error की कैटेगरी में रखा गया है। यदि मूल डॉक्यूमेंट में सही नाम मौजूद था और नया नाम उसी से मेल खाता है, तो रिकॉर्ड में सुधार किया जा सकता है।
शादी, तलाक या जेंडर चेंज के बाद नाम अपडेट
शादी के बाद सरनेम बदलने की जरूरत हो तो भी नई SOP में इसका प्रावधान भी बताया गया है। उदाहरण के तौर पर 'आरती सिंह' को जरूरी पहचान दस्तावेज के आधार पर 'आरती राजेश सिंह' किया जा सकता है। इसी तरह तलाक के बाद नाम में बदलाव और जेंडर चेंज के बाद नाम बदलने के लिए भी अलग प्रावधान दिए गए हैं।
वहीं, यदि पूरा नाम बदलना है या बदलाव इतना बड़ा है कि पहचान अलग दिखाई दे, तो इसे नाम में बड़े बदलाव के रूप में माना जाएगा। ऐसे मामलों में अतिरिक्त डॉक्यूमेंट की ज़रूरत पड़ सकती है।
आधार में नाम लिखने के क्या नियम हैं?
UIDAI के मुताबिक आधार में नाम ब्लॉक लेटर्स में दर्ज किया जाता है। इसमें ‘उर्फ’, सैन्य रैंक, पदनाम, सेवा संबंधी जानकारी, पुरस्कार या डेकोरेशन नहीं लिखे जा सकते। श्री, श्रीमती, मिस्टर, मिस, डॉ, जैसे टाइटल और प्रीफिक्स भी नाम से हटाने होते हैं।
