बड़ी खबर! यूपी में महिलाओं के खाते में आएंगे ₹50,000 क्या? योगी सरकार का क्या है प्लान देखें यहां

यूपी में महिलाओं के खाते में 50 हजार रुपये तक की आर्थिक मदद देने की योजना पर योगी सरकार मंथन कर रही है। प्रस्ताव के तहत रकम सीधे DBT से भेजने या मौजूदा कल्याणकारी योजनाओं का दायरा बढ़ाने पर विचार है। हालांकि, अभी अंतिम फैसला नहीं हुआ है।  

Aug 23, 2026, 09:24 IST
महिलाओं के लिए पहले से चल रही हैं कई योजनाएं
महिलाओं के लिए पहले से चल रही हैं कई योजनाएं

उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले महिला वोटरों को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। योगी आदित्यनाथ सरकार महिलाओं के लिए 50 हजार रुपये तक की आर्थिक मदद देने के प्रस्ताव पर विचार कर रही है। हालांकि, अभी यह तय नहीं हुआ है कि रकम सीधे बैंक अकाउंट में भेजी जाएगी या शिक्षा, स्वास्थ्य, कौशल विकास और रोजगार से जुड़ी योजनाओं के जरिए इसका लाभ दिया जाएगा। जल्द ही इससे जुड़ी अपडेट साझा की जा सकती है। 

क्या महिलाओं को मिलेंगे 50 हजार?

सरकार के स्तर पर प्रस्तावित सहायता को डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के जरिए पात्र महिलाओं के बैंक खातों में भेजने के विकल्प पर भी चर्चा चल रही है। हालांकि, अभी न तो सहायता की अंतिम राशि तय हुई है और न ही इसे देने का तरीका या पात्रता का ढांचा अंतिम हुआ है।

एक विकल्प यह भी है कि 50000 हजार रुपये की एकमुश्त रकम देने के बजाय महिलाओं से जुड़ी मौजूदा योजनाओं का दायरा बढ़ाया जाए और अलग-अलग जरूरतों के हिसाब से सहायता दी जाए।

चुनाव से पहले महिला वोटरों पर फोकस

यूपी में सभी राजनीतिक दल महिला मतदाताओं को अपने पक्ष में करने की रणनीति पर काम कर रहे हैं। सरकार के लिए भी यह वर्ग महत्वपूर्ण है। मध्य प्रदेश, बिहार और महाराष्ट्र जैसे राज्यों में विधानसभा चुनावों से पहले महिलाओं के लिए बड़े कल्याणकारी कदम उठाए गए थे। 

Ladki Bahin Yojana: रक्षाबंधन से पहले मिल सकता है 3 हजार का तोहफा! जानें कब आएगी किस्त?

कन्या सुमंगला योजना का बढ़ सकता है दायरा

महिलाओं और बेटियों के लिए पहले से चल रही मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना में भी बदलाव की संभावना पर विचार किया जा रहा है। फिलहाल पात्र परिवारों की बेटियों को जन्म से लेकर उच्च शिक्षा तक अलग-अलग फेज में आर्थिक सहायता दी जाती है।

मेधावी छात्राओं को मिलेगी मुफ्त स्कूटी

सरकार की महिला-केंद्रित योजनाओं में रानी लक्ष्मीबाई योजना भी शामिल है। इसके तहत मेधावी छात्राओं को स्नातक की पढ़ाई पूरी करने के बाद मुफ्त स्कूटी देने की घोषणा की गई है।

एक करोड़ महिलाओं को 'लखपति दीदी' बनाने का लक्ष्य

महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत स्वयं सहायता समूहों का नेटवर्क बढ़ाने पर भी जोर है। सरकार का लक्ष्य बड़ी संख्या में महिलाओं को SHG से जोड़कर उन्हें स्वरोजगार और छोटे कारोबार से जोड़ना है।

महिलाओं के लिए पहले से चल रही हैं कई योजनाएं

उत्तर प्रदेश में महिलाओं और बेटियों के लिए कई योजनाएं पहले से संचालित हैं। इनमें प्रमुख हैं:

  • मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना: बेटियों को जन्म से उच्च शिक्षा तक अलग-अलग चरणों में आर्थिक सहायता।

  • रानी लक्ष्मीबाई योजना: मेधावी छात्राओं को मुफ्त स्कूटी देने की योजना।

  • निराश्रित महिला पेंशन योजना: पात्र निराश्रित महिलाओं और विधवाओं को आर्थिक सहायता।

  • मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना: गरीब परिवारों की बेटियों के विवाह के लिए आर्थिक मदद।

  • स्वयं सहायता समूह और लखपति दीदी: महिलाओं को स्वरोजगार और छोटे कारोबार से जोड़कर आय बढ़ाने पर फोकस।

  • यूपी रोडवेज में मुफ्त यात्रा: 60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं को रोडवेज बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा।

50 हजार रुपये की योजना पर अभी अंतिम फैसला नहीं

फिलहाल 50000 रुपये की प्रस्तावित आर्थिक सहायता को लेकर कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है। सरकार इस बात पर विचार कर रही है कि महिलाओं को सीधे नकद राशि देना ज्यादा प्रभावी होगा या शिक्षा, स्वास्थ्य, कौशल विकास और रोजगार जैसी जरूरतों से जुड़ी सहायता को बढ़ाया जाए।

5 किलोवाट का सोलर पैनल लगवाने पर कितना खर्च, कितनी मिलेगी सब्सिडी? ऐसे करें आवेदन

Bagesh Yadav

Senior Executive - Editorial

आप जागरण जोश पर भारत, विश्व समाचार, खेल के साथ-साथ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए समसामयिक सामान्य ज्ञान, सूची, जीके हिंदी और क्विज प्राप्त कर सकते है. आप यहां से कर्रेंट अफेयर्स ऐप डाउनलोड करें.

Trending

Just Now

Result Updates