पर्वतारोहण की दुनिया से एक ऐसी खबर आई है, जिसने दुनियाभर के एडवेंचर प्रेमियों को झकझोर दिया है। नेपाल में जन्मे और ब्रिटेन के नागरिक बने दिग्गज पर्वतारोही निर्मल 'निम्सदाई' पुर्जा (Nirmal ‘Nimsdai’ Purja) अब हमारे बीच नहीं रहे। पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) के गिलगित-बाल्टिस्तान स्थित ब्रॉड पीक पर आए भीषण हिमस्खलन में उनकी मौत हो गई।
यह हादसा 30 जुलाई को हुआ था और कई दिनों तक उनका कोई सुराग नहीं मिला। आखिरकार तीन दिन बाद उनका शव बरामद हुआ। उनकी कंपनी Elite Exped ने आधिकारिक बयान जारी कर इस दुखद खबर की पुष्टि की।
ब्रॉड पीक पर पलभर में बदल गई पूरी कहानी
निर्मल पुर्जा अपनी टीम के साथ दुनिया की सबसे कठिन चोटियों में शामिल ब्रॉड पीक पर अभियान चला रहे थे। मौसम अचानक बदला और एक भीषण हिमस्खलन ने पूरे दल को अपनी चपेट में ले लिया।
हादसे के बाद बड़े पैमाने पर खोज और बचाव अभियान शुरू किया गया, रविवार को रेस्क्यू टीम ने निर्मल पुर्जा का शव बरामद किया। उनकी कंपनी ने यह भी बताया कि इस अभियान में शामिल कई अन्य पर्वतारोही भी इस हादसे में जान गंवा बैठे।
कौन थे निर्मल पुर्जा?
Nirmal Purja in Hindi: 43 वर्षीय निर्मल 'निम्सदाई' पुर्जा सिर्फ एक पर्वतारोही नहीं थे, बल्कि असंभव को संभव बनाने की पहचान थे। नेपाल में जन्मे पुर्जा ने पहले ब्रिटिश आर्मी की ब्रिगेड ऑफ गोरखा में सेवा दी। इसके बाद उन्होंने दुनिया की सबसे प्रतिष्ठित स्पेशल फोर्स यूनिट्स में गिनी जाने वाली स्पेशल बोट सर्विस (SBS) में जगह बनाई।
सेना छोड़ने के बाद उन्होंने अपना पूरा जीवन पर्वतारोहण को समर्पित कर दिया और देखते ही देखते दुनिया के सबसे बड़े क्लाइम्बर्स में शामिल हो गए।
189 दिनों में फतह की दुनिया की 14 सबसे ऊंची चोटियां
साल 2019 में निर्मल पुर्जा ने वह कर दिखाया, जिसे लंबे समय तक असंभव माना जाता था। उन्होंने 8,000 मीटर से ऊंची दुनिया की सभी 14 चोटियों को महज 189 दिनों (6 महीने 6 दिन) में फतह कर नया विश्व रिकॉर्ड बना दिया। उन्होंने इस मिशन का नाम 'प्रोजेक्ट पॉसिबल' रखा था।
K2 पर भी रचा था ऐसा इतिहास, जो पहले कभी नहीं हुआ
निर्मल पुर्जा ने सिर्फ रिकॉर्ड ही नहीं बनाए, बल्कि पर्वतारोहण का इतिहास भी बदला। जनवरी 2021 में उन्होंने नेपाली पर्वतारोहियों की टीम के साथ मिलकर दुनिया की दूसरी सबसे ऊंची और सबसे खतरनाक चोटी K2 पर सर्दियों में पहली सफल चढ़ाई की। यह उपलब्धि पर्वतारोहण की सबसे बड़ी ऐतिहासिक घटनाओं में गिनी जाती है।
नेटफ्लिक्स ने दुनिया को दिखाई उनकी कहानी
निर्मल पुर्जा का सफ़र सिर्फ पहाड़ों तक सीमित नहीं रहा। उनकी प्रेरणादायक कहानी नेटफ्लिक्स की चर्चित डॉक्यूमेंट्री '14 Peaks: Nothing Is Impossible' के जरिए दुनिया के करोड़ों लोगों तक पहुंची।
लाखों लोगों की प्रेरणा थे निर्मल पुर्जा
निर्मल पुर्जा ने सिर्फ चोटियां नहीं जीतीं, उन्होंने लोगों का भरोसा जीता कि जुनून, अनुशासन और हिम्मत के दम पर सबसे कठिन लक्ष्य भी हासिल किए जा सकते हैं।
ब्रॉड पीक पर हुआ यह हादसा सिर्फ एक महान पर्वतारोही का अंत नहीं, बल्कि उस इंसान की विदाई है जिसने दुनिया को सिखाया कि 'Nothing Is Impossible' केवल एक नारा नहीं, बल्कि जीने का तरीका भी हो सकता है। उनकी उपलब्धियां और साहस आने वाली पीढ़ियों को हमेशा प्रेरित करते रहेंगे।
