CBSE Inclusive Education Module 2026: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने अपने सभी Affiliated स्कूलों के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण और सराहनीय पहल की घोषणा की है। शिक्षा मंत्रालय के स्कूल शिक्षा और साक्षरता विभाग के निर्देशों के अंदर, सीबीएसई ने 7 अक्टूबर 2026 को सभी स्कूलों में 30 मिनट का Sensitisation और ओरिएंटेशन मॉड्यूल आयोजित करना जरूरी कर दिया है।
इस विशेष सेशन का मुख्य उद्देश्य विशेष आवश्यकता वाले बच्चों (Children with Special Needs - CwSN) के प्रति स्कूल के सभी टीचिंग (Teaching) और गैर-शैक्षणिक (Non-Teaching) कर्मचारियों में संवेदनशीलता, सहानुभूति और समावेशी दृष्टिकोण का निर्माण करना है।
CBSE CwSN Sensitisation Session 2026 में कौन-कौन शामिल है?
यह मॉड्यूल शिक्षकों, आयाओं, ड्राइवरों, लिपिकीय कर्मचारियों, रिसेप्शनिस्टों, डीन, वार्डन, स्कूल प्रमुखों और अन्य सहायक कर्मचारियों सहित सभी शिक्षण और गैर-शिक्षण कर्मचारियों के लिए है।
CBSE Inclusive Education Module 2026: मुख्य शेड्यूल
नीचे दी गई तालिका में इस पहल से संबंधित सभी महत्वपूर्ण विवरण और दिशा-निर्देश प्रस्तुत किए गए हैं:
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इवेंट
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डिटेल्स
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आयोजक बोर्ड
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केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE)
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कार्यक्रम का नाम
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Inclusive Education Sensitisation Module 2026
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सेशन की डेट
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07 अक्टूबर 2026
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सेशन की अवधि
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30 मिनट
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टारगेटेड पार्टिसिपेंट्स
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सभी टीचर, प्राचार्य, बस ड्राइवर, वार्डन और प्रशासनिक कर्मचारी
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ऑफिशियल पोर्टल
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निगरानी का लेवल
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नेशनल लेवल पर स्कूलों की भागीदारी की ट्रैकिंग की जाएगी
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PRASHAST Portal के माध्यम से कैसे आयोजित होगा 30 मिनट का यह सेशन?
सीबीएसई द्वारा जारी परिपत्र के अनुसार, यह 30 मिनट का वीडियो मॉड्यूल प्रशस्त पोर्टल (PRASHAST Portal) पर उपलब्ध कराया गया है।
- एक्सेस प्रक्रिया: स्कूल के प्राचार्य (Headmaster/Principal) अपने ऑफिशियल लॉगिन के माध्यम से पोर्टल पर जाकर 'Video Tutorial' ऑप्शन के अंदर इस वीडियो को डाउनलोड या लाइव स्क्रीन कर सकते हैं।
- बिना रुकावट आयोजन: बोर्ड ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि इस ओरिएंटेशन सेशन को इस तरह आयोजित किया जाए, जिससे छात्रों की नियमित पढ़ाई और स्कूल की आवश्यक गतिविधियां प्रभावित न हों।
- नेशनल लेवल पर ट्रैकिंग: किस स्कूल ने कितने कर्मचारियों के साथ यह मॉड्यूल देखा है, इसकी रिपोर्ट नेशनल लेवल पर मॉनिटर की जाएगी।
टीचर और गैर-टीचर दोनों स्टाफ का शामिल होना क्यों जरूरी है?
अक्सर यह माना जाता है कि समावेशी शिक्षा की जिम्मेदारी केवल Special Educators या विषय अध्यापकों की होती है। लेकिन सीबीएसई ने स्पष्ट किया है कि एक सुरक्षित और सहयोगात्मक वातावरण बनाने के लिए पूरे स्कूल समुदाय का जागरूक होना आवश्यक है:
- गैर-शिक्षण कर्मचारियों की भूमिका: स्कूल बस ड्राइवर, कंडक्टर, सिक्योरिटी गार्ड, आया, रिसेप्शनिस्ट और क्लर्क वे लोग हैं जिनसे CwSN छात्र रोज़ाना मिलते हैं।
- सहानुभूति और सम्मान: इस सत्र के माध्यम से पूरे स्टाफ को यह समझाया जाएगा कि वे दिव्यांग और विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के साथ सम्मानजनक और मददगार व्यवहार कैसे करें।
- भेदभाव की रोकथाम: जागरूकता बढ़ने से स्कूलों में बदमाशी (Bullying), चिढ़ाना या किसी भी प्रकार के अलगाव को रोकने में बड़ी मदद मिलेगी।
