72nd National Film Awards: भारतीय सिनेमा के लिए आज का दिन खास रहने वाला है। 22 सितंबर को गुजरात के एकता नगर (केवड़िया) में 72वें नेशनल फिल्म अवॉर्ड्स का आयोजन हो रहा है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 2024 की फिल्मों और कलाकारों को राष्ट्रीय सम्मान प्रदान करेंगी। इस बार का समारोह इसलिए भी खास है, क्योंकि नेशनल फिल्म अवॉर्ड्स का आयोजन दिल्ली से बाहर किया जा रहा है। साथ ही यह भी जानेंगे कि 71वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार में किसे कौन सा अवॉर्ड मिला था।
पहली बार दिल्ली से बाहर समारोह
नेशनल फिल्म अवॉर्ड्स के आयोजन की जगह इस बार बदल गई है। केंद्र सरकार ने भविष्य में इस समारोह को देश के अलग-अलग राज्यों और शहरों में आयोजित करने का फैसला किया है।
बता दें कि भारतीय सिनेमा की भाषाई, सांस्कृतिक और क्षेत्रीय विविधता को देश के अलग-अलग हिस्सों तक ले जाने के लिए खासतौर इस कार्यक्रम का आयोजन किया जाता है।
किसे मिलेगा दादासाहेब फाल्के अवॉर्ड
समारोह का एक बड़ा आकर्षण दिग्गज कन्नड़ अभिनेता अनंत नाग को दिया जाने वाला दादासाहेब फाल्के पुरस्कार 2024 है। पांच दशक से ज्यादा लंबे करियर में अनंत नाग ने कन्नड़ और भारतीय सिनेमा में कई यादगार भूमिकाएं निभाई हैं। उन्हें यह सम्मान भारतीय सिनेमा में उनके लंबे और महत्वपूर्ण योगदान के लिए दिया जा रहा है।
किसे मिला कौन सा सम्मान?
साल 2024 की फिल्मों के लिए घोषित प्रमुख पुरस्कारों में आर्टिकल 370 को सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म चुना गया है। इसी फिल्म के लिए यामी गौतम को बेस्ट एक्ट्रेस इन लीडिंग रोल का अवॉर्ड मिलेगा।
वहीं लीडिंग रोल में बेस्ट ऐक्टर का अवॉर्ड ममूटी (Mammootty) और कार्तिक आर्यन साझा करेंगे। ममूटी को 'ब्रमायुगम' और कार्तिक आर्यन को 'चंदू चैंपियन' के लिए यह सम्मान मिला है।
रणदीप हुडा को भी किया जाएगा सम्मानित
अभिनेता रणदीप हुडा को 'स्वातंत्र्य वीर सावरकर' के लिए किसी निर्देशक की सर्वश्रेष्ठ डेब्यू फिल्म का सम्मान दिया गया है।
इसके अलावा 'अमरन' के निर्देशक राजकुमार पेरियासामी को सर्वश्रेष्ठ निर्देशन का अवॉर्ड दिया जाएगा। वहीं 'कल्कि 2898 एडी' को बेहतरीन मनोरंजन प्रदान करने वाली सर्वश्रेष्ठ लोकप्रिय फिल्म चुना गया है।
बेस्ट नॉन-फीचर फिल्म अवॉर्ड
गैर-फीचर फिल्म श्रेणी में 'भांगर' को सर्वश्रेष्ठ गैर-फीचर फिल्म का अवॉर्ड दिया गया है। जबकि ‘Ram-Nami’ को Best Documentary का अवॉर्ड मिला है।
संथाली सिनेमा के लिए भी खास मौका
इस बार संथाली (Santhali) सिनेमा से जुड़ी उपलब्धि भी खास है। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के अनुसार, पहली बार एक संथाली फिल्म को गैर-फीचर फिल्म में मान्यता दी जा रही है।
1954 में हुई थी शुरुआत
नेशनल फिल्म अवॉर्ड्स की शुरुआत 1954 में हुई थी। सात दशकों से ज्यादा समय से ये पुरस्कार भारतीय सिनेमा में रचनात्मक और तकनीकी योगदान को सम्मानित करते आ रहे हैं। इनमें बेस्ट फिल्म, नॉन-फीचर फिल्म और कथा-लेखन जैसी प्रमुख कैटेगरी है।
राष्ट्रपति का गुजरात दौरा भी रहेगा खास
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 21 से 23 सितंबर तक गुजरात के दौरे पर हैं। 22 सितंबर को वह एकता नगर में नेशनल फिल्म अवॉर्ड्स समारोह में शामिल होंगी। वहीं 23 सितंबर को राष्ट्रपति वडोदरा में महाराजा सयाजीराव यूनिवर्सिटी ऑफ बड़ौदा के 75वें दीक्षांत समारोह में शामिल होंगी।
