बदल रहा PMO का एड्रेस! जानिए PM मोदी के ऑफिस का नया पता
करीब आठ दशक बाद प्रधानमंत्री कार्यालय एक नए पते पर नई पहचान के साथ काम करने के लिए पूरी तरह तैयार है। औपनिवेशिक दौर के साउथ ब्लॉक से निकलकर अब PM मोदी का ऑफिस आधुनिक और हाईटेक परिसर में शिफ्ट हो रहा है। ऐसे में लोगों के मन में सवाल है कि PMO का नया एड्रेस क्या है? चलिए विस्तार से जानते है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नया ऑफिस पूरी तरह से बनकर तैयार हो गया है और इसे फाइनल टच दिया जा रहा है. संभावना है कि इसी महीने पीएम मोदी अपने नए ऑफिस में शिफ्ट हो सकते हैं. नया सेवा तीर्थ परिसर (पहले Executive Enclave) मध्य दिल्ली में रायसीना हिल के पास दारा शिकोह रोड पर स्थित है।
बता दें कि मकर संक्रांति (14 जनवरी 2026) के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का कार्यालय यहां से स्थानांतरित किया जा सकता है। यह सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट के तहत तैयार किया गया है. इसके तहत नया संसद भवन और उपराष्ट्रपति एनक्लेव पहले ही तैयार हो चुका है.
दक्षिण ब्लॉक से विदाई: 79 वर्षों का अध्याय समाप्त
अभी तक प्रधानमंत्री कार्यालय नई दिल्ली के ऐतिहासिक दक्षिण ब्लॉक में संचालित हो रहा था। अब मकर संक्रांति (14 जनवरी 2026) के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का कार्यालय यहां से स्थानांतरित किया जा सकता है। इसके साथ ही 79 साल पुरानी परंपरा का अंत होगा। दक्षिण ब्लॉक, जहां रक्षा और विदेश मंत्रालय भी रहे हैं, अब भारत की 5,000 वर्ष पुरानी सभ्यता और विरासत को दर्शाने वाले संग्रहालय में बदला जाएगा।
आधुनिक शासन की ओर कदम
यह बदलाव केवल भवन परिवर्तन नहीं है, बल्कि औपनिवेशिक दौर की प्रशासनिक संरचना से बाहर निकलकर आधुनिक, सेवा-आधारित शासन व्यवस्था की ओर एक मजबूत संकेत है। जैसे राजपथ का नाम बदलकर कर्तव्य पथ किया गया, वैसे ही यह कदम भी नई सोच और नए भारत की प्रशासनिक पहचान को दर्शाता है।
सेवा तीर्थ परिसर: नया प्रशासनिक केंद्र
नया सेवा तीर्थ परिसर (पहले Executive Enclave) मध्य दिल्ली में रायसीना हिल के पास दारा शिकोह रोड पर स्थित है। इसे लार्सन एंड टुब्रो (L&T) ने करीब ₹1,189 करोड़ की लागत से तैयार किया है। 2,26,203 वर्ग फुट में फैला यह परिसर शीर्ष प्रशासनिक इकाइयों को एक ही स्थान पर लाकर कार्यकुशलता और सुरक्षा को मजबूत करेगा। “सेवा तीर्थ” नाम प्रधानमंत्री मोदी की ‘सेवा’ आधारित शासन भावना को दर्शाता है।
तीन प्रमुख भवन और उनका उपयोग
सेवा तीर्थ परिसर में तीन मुख्य इमारतें हैं-
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सेवा तीर्थ-1: प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO), प्रधानमंत्री का निजी कार्यालय और औपचारिक कार्यक्रमों के लिए विशेष स्थान।
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सेवा तीर्थ-2: सितंबर 2025 से कैबिनेट सचिवालय यहां कार्यरत है।
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सेवा तीर्थ-3: राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद सचिवालय (NSCS) और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल का कार्यालय।
आधुनिक सुविधाएं और भारतीय सांस्कृतिक झलक
इस परिसर में विदेशी मेहमानों के लिए अत्याधुनिक बैठक कक्ष, नई कैबिनेट मीटिंग रूम और उन्नत तकनीक से लैस कार्यालय बनाए गए हैं। PMO में ओपन-फ्लोर ऑफिस मॉडल अपनाया गया है और आधुनिकता के साथ भारतीय सांस्कृतिक तत्वों का भी समावेश किया गया है।
सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट का अहम हिस्सा
यह स्थानांतरण केंद्रीय विस्टा पुनर्विकास परियोजना का महत्वपूर्ण फेज है। नया संसद भवन पहले ही चालू हो चुका है और अब प्रधानमंत्री कार्यालय का स्थानांतरण प्रशासनिक ढांचे को और अधिक प्रभावी बनाएगा। साथ ही, पास ही 7, लोक कल्याण मार्ग पर प्रधानमंत्री के नए आवास (Executive Enclave Part-2) का निर्माण भी जारी है, जो भविष्य की प्रशासनिक जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया जा रहा है।
कुल मिलाकर, यह बदलाव भारत के प्रशासनिक इतिहास में एक मील का पत्थर है, जो परंपरा से आधुनिकता और औपनिवेशिक सोच से सेवा-केंद्रित शासन की ओर परिवर्तन को स्पष्ट रूप से दर्शाता है।
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