15 अगस्त की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति देश को क्यों करते हैं संबोधित, जानें वजह
आपको बता दें कि 15 अगस्त और 26 जनवरी की पूर्व संध्या पर देश के राष्ट्रपति द्वारा देश को संबोधित किया जाता है। इस लेख में हम विस्तार से जानेंगे।
भारत में 15 अगस्त और 26 जनवरी की पूर्व संध्या पर देश के राष्ट्रपति द्वारा आकाशवाणी और दूरदर्शन के माध्यम से राष्ट्र के नाम संबोधन होता है। यह भारत की एक पुरानी और और गरिमामयी संवैधानिक परंपरा है। हालांकि, इसके पीछे संवैधानिक व ऐतिहासिक कारण है। इस लेख में हम इस बारे में विस्तार से जानेंगे।
पूर्व संध्या पर ही संबोधन क्यों होता है ?
भारत के संसदीय लोकतंत्र में संवैधानिक और राजनीतिक भूमिकाएं पूरी तरह विभाजित हैं। इसमें राष्ट्रपति देश का संवैधानिक प्रमुख होता है, जबकि प्रधानमंत्री कार्यपालिक प्रमुख होता है। 15 अगस्त की सुबह देश का ध्यान लाल किले पर प्रधानमंत्री के ध्वजारोहण और संबोधन पर होता है। यदि राष्ट्रपति भी 15 अगस्त की सुबह ही राष्ट्र को संबोधित करते, तो दो सर्वोच्च पदों के भाषणों का समय टकराता और यह संवैधानिक व्यवस्था के लिए ठीक नहीं होता। इसलिए, 14 अगस्त की शाम को ही राष्ट्रपति राष्ट्र को संबोधित करते हैं।
14 अगस्त, 1947 का है ऐतिहासिक दिन
14-15 अगस्त 1947 की आधी रात ही भारत आजाद हुआ था। संविधान सभा में पंडित जवाहरलाल नेहरू ने अपना प्रसिद्ध भाषण Tryst with Destiny 14 अगस्त की रात को ही दिया था। ऐसे में इस ऐतिहासिक रात के महत्त्व को बनाए रखने के लिए राष्ट्रपति का भाषण 14 अगस्त की शाम को होता है।
राष्ट्रपति का भाषण क्यों होता है खास
पीएम के भाषण में अक्सर सरकार की उपलब्धियों, नई योजनओं व घोषणाओं का जिक्र होता है, जबकि राष्ट्रपति के भाषण में किसी राजनीतिक दल की बात नहीं होती है, बल्कि किसान, छात्र, वैज्ञानिक, सैनिक और आम लोगों की बात होती है। वहीं, राष्ट्रपति का यह भाषण देश के नागरिकों के साथ-साथ विदेशों में रहने वाले प्रवासी भारतीयों के लिए भी राष्ट्र की भावना से जुड़ने का कारण बनता है।
आपको बता दें कि इस पंरपरा की नींव भारत के पहले राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने रखी थी। भारत के आजाद होने के शुरुआती सालों में उन्होंने राष्ट्रीय पर्वों की पूर्व संध्या पर देशवासियों को संबोधित करने शुरू किया था। शुरुआत में यह संबोधन सिर्फ दूरदर्शन और आकाशवाणी पर होता था, लेकिन मौजूदा समय में यह डिजिटल मीडिया के साथ-साथ विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रसारित किया जाता है।
A seasoned journalist and Multimedia Producer with over 8 years of experience in print and digital media, Kishan specializes in turning complex topics into clear, compelling narratives. Currently working as a Senior Content Writer in the GK section at Jagran Josh, he brings deep subject expertise in History, Polity, and Geography, writing on national and international affairs from a general knowledge perspective. He can be reached at Kishan.kumar@jagrannewmedia.com.