एफएमएस दिल्ली में एडमिशन के लिए एक्स्टेम्पोर राउंड्स में सफल होने के विशेष टिप्स

एमबीए प्रोग्राम में एडमिशन लेने वाले कैंडिडेट्स की स्क्रीनिंग के लिए फैकल्टी ऑफ़ मैनेजमेंट स्टडीज, दिल्ली यूनिवर्सिटी एमबीए एडमिशन प्रोसेस के तहत एक्स्टेम्पोर राउंड्स और ग्रुप डिस्कशन (जीडी) आयोजित करती है.

Created On: May 4, 2021 20:43 IST
How to crack GD – Extempore Rounds for Admission to FMS Delhi?
How to crack GD – Extempore Rounds for Admission to FMS Delhi?

अगर आप उन स्टूडेंट्स में से एक हैं जो फैकल्टी ऑफ़ मैनेजमेंट स्टडीज, दिल्ली यूनिवर्सिटी एमबीए प्रोग्राम में एडमिशन लेना चाहते हैं तो हम आपको बताना चाहते हैं कि, भावी एमबीए कैंडिडेट्स की स्क्रीनिंग के लिए एमबीए एडमिशन प्रोसेस के एक हिस्से के तौर पर एक्स्टेम्पोर राउंड्स और ग्रुप डिस्कशन (जीडी) आयोजित करती है. इसी तरह, भारत के विभिन्न बिजनेस स्कूल्स अपने स्क्रीनिंग मैकेनिज्म के तहत ग्रुप डिस्कशन राउंड आयोजित करते हैं. इस आर्टिकल में एफएमएस दिल्ली के स्टूडेंट्स और टॉपर्स भावी कैंडिडेट्स को एफएमएस दिल्ली में एडमिशन प्राप्त करने की प्रोसेस समझने में  सहायता करने के लिए और ग्रुप डिस्कशन और एक्स्टेम्पोर राउंड्स में सफलता पाने के लिए अपने अनुभव शेयर कर रहे हैं. इस आर्टिकल को गौर से पढ़ने के बाद, भावी कैंडिडेट्स को एफएमएस दिल्ली में एमबीए प्रोग्राम में एडमिशन के लिए ग्रुप डिस्कशन और एक्स्टेम्पोर राउंड को समझने और उसकी अच्छी तरह तैयारी करने में सहायता मिलेगी.

इंटरव्यू के अंश

लीना किरो

प्रेजिडेंट, विहान सोशल सर्विस सेल,

एफएमएस दिल्ली

एफएमएस का एक हिस्सा बनने के लिए, सेलेक्शन के 3 विभिन्न चरण हैं. पहला चरण ग्रुप डिस्कशन (जीडी) है, दूसरा चरण एक्स्टेम्पोर हैं और तीसरा चरण पर्सनल इंटरव्यू है. जीडी के लिए आपको यह सुनिश्चित करना होगा कि आप सभी एक्टिविटीज और हाल ही में घटित होने वाले सभी न्यूज़ इवेंट्स से अच्छी तरह अवगत हैं और इसके लिए आपको न्यूज़पेपर्स अच्छी तरह पढ़ने होंगे और अपने पीअर्स के साथ ग्रुप डिस्कशन्स की प्रैक्टिस करनी होगी जैसेकि, टॉपिक्स मुख्य रूप से आपके द्वारा किये गए काम पर और आपकी एकेडेमिक बैकग्राउंड पर आधारित होते हैं. इसलिए आप उक्त दोनों आस्पेक्ट्स की अच्छी तैयारी कर लें. आपको इस बात की चिंता नहीं करनी चाहिए कि आप यह सब कैसे करेगे? आप केवल जो उस समय बोलें, वह पूरे विश्वास और स्पष्ट रूप से कहें. आपके पर्सनल इंटरव्यू के संबंध में, जैसेकि मैंने पहले कहा है, किसी भी इंटरव्यू में सफल होने के लिए आपको पहले अपने बारे में स्पष्ट तौर पर जानकारी प्रस्तुत करनी चाहिए जैसेकि आपने किस किस्म का काम पहले किया है और आप जो कुछ भी बोलें, वह पूरे भरोसे के साथ साफ़-साफ़ शब्दों में कहें. 

तन्मय कृष्ण

फाइनेंस सेक्रेटरी, एमएसए

एफएमएस दिल्ली

एमबीए प्रोग्राम में एडमिशन या सेलेक्शन प्रोसेस के एक हिस्से के तौर पर एक्स्टेम्पोर राउंड का इस्तेमाल केवल एफएमएस दिल्ली में ही किया जाता है. इस राउंड में, कैंडिडेट्स को यह खास अवसर मिलता है कि वे अपनी जानकारी और काबिलियत के माध्यम से यह कॉम्पीटीशन जीत लें. किसी एक्स्टेम्पोर राउंड में, कैंडिडेट्स को 60 सेकंड्स या 90 सेकंड्स दिए जाते हैं कि वे राष्ट्रीय महत्व या करेंट अफेयर्स या बिजनेस की दुनिया से संबंधित किसी टॉपिक की तैयारी करके, उस टॉपिक पर एक छोटा-सी स्पीच दें. इसके लिए, आप नियमित तौर पर न्यूज़पेपर्स पढ़कर करेंट अफेयर्स के बारे में अपनी अच्छी तैयारी कर सकते हैं. रोज़ाना न्यूज़पेपर्स पढ़ने से कैंडिडेट्स करेंट इवेंट्स के बारे में अवगत रहेंगे. किसी एक्स्टेम्पोर राउंड में अपने विचार प्रस्तुत करते समय, कैंडिडेट्स यह जरुर सुनिश्चित कर लें कि वे अपने विचारों के संबंध में आश्वस्त और निश्चिंत हैं. 

रेज़विन बशीर

जनरल सेक्रेटरी, एमएसए

एफएमएस दिल्ली

एक्स्टेम्पोर राउंड में टॉपिक्स एबस्ट्रेक्ट से लेकर स्पेसिफिक टॉपिक्स तक कुछ भी हो सकते हैं. इसलिए, एक्स्टेम्पोर राउंड की तैयारी करते समय, कैंडिडेट्स को अपने सीवी के संबंध में काफी अच्छी तरह हरेक संभावित प्रश्न का जवाब देना आना चाहिए. आसान शब्दों में, अभी तक अपने एकेडेमिक, प्रोफेशनल और व्यक्तिगत जीवन में प्राप्त की गई उपलब्धियों के बारे में आपको हरेक प्वाइंट की पूरी जानकारी होनी  चाहिए. उदाहरण के लिए, अगर आपने आर्मी स्कूल से अपनी पढ़ाई पूरी की है तो आपसे इस संबंध में कोई प्रश्न पूछा जा सकता है. आपके होम स्टेट या आपके धर्म के संबंध में भी आपसे प्रश्न पूछे जा सकते हैं. इसी तरह, आपसे आपके वर्कएक्सपीरियंस, जिस इंडस्ट्री में आपने काम किया है और इसी तरह के अन्य प्रश्न भी पूछे जा सकते हैं. ऐसे प्रश्न पूछकर, इंटरव्यूअर्स कैंडिडेट्स की अवेयरनेस के बारे में पता करने की कोशिश करते हैं.

किसी जीडी प्रोग्राम के दौरान कैंडिडेट्स का सामान्य रवैया काफी अग्रेसिव होता है और वे बातचीत शुरू करने के लिए उतावले रहते हैं क्योंकि वे ऐसा सोचते हैं कि डिस्कशन शुरू करने पर उन्हें शायद ज्यादा प्वाइंट्स मिलेंगे. लेकिन, जीडी असेसमेंट पैनल, जिसमें प्रोफेसर्स और एलुमनाई शामिल होते हैं, उन्हें इन टैक्टिस या चालबाजियों के बारे में पता होता है इसलिए वे इन बातों पर ध्यान नहीं देते हैं. ग्रुप डिस्कशन राउंड्स में कैंडिडेट के पोस्चर का काफी महत्व होता है. इसलिए, अपने जीडी और एक्स्टेम्पोर राउंड्स में शांत और स्थिर-चित्त बने रहें और ऐसा करने पर आप यकीनन इन दोनों एक्टिविटीज में सफल हो जायेंगे. 

रवि कुमार

फर्स्ट इयर स्टूडेंट

एफएमएस दिल्ली

आमतौर पर, एमबीए सेलेक्शन के हिस्से के तौर पर जीडी राउंड में सफल होने का एक अच्छा तरीका डिस्कशन को लीड करना होता है. ग्रुप डिस्कशन में कभी भी आक्रामक तेवर नहीं अपनाना चाहिए क्योंकि इससे आपका नेगेटिव इम्प्रैशन पड़ेगा. इसलिए, अग्रेसिव या लाउड होने के बजाय यह अच्छा रहेगा कि अगर आप डिस्कशन को आगे बढ़ाएं और किसी रचनात्मक सहमति या कॉमन अग्रीमेंट प्वाइंट पर अपने डिस्कशन को समाप्त करें. जीडी असेसमेंट पैनल द्वारा इन फैक्ट्स के आधार पर डिस्कशन में आपके योगदान का मूल्यांकन किया जायेगा.

एक्स्टेम्पोर राउंड, जिसमें आपको काफी सीमित समय में किसी टॉपिक पर अपने विचार प्रकट करने होते हैं, सफलता इस बात पर निर्भर करती है कि आप कैसे किसी विषय पर शांत दिमाग और सुव्यवस्थित विचारों के माध्यम से अपने विचार प्रकट करते हैं?. एक्स्टेम्पोर राउंड के दौरान, आपको किसी दिए गए टॉपिक पर 2-3 मिनटों में अपने विचार प्रकट करने होंगे. इसलिए, किसी एक्स्टेम्पोर राउंड में सफलता हासिल करने के लिए धाराप्रवाह विचार प्रकट करने की क्षमता का काफी महत्व है.

राहुल फिलिप

प्रेजिडेंट, सिस्टम्स एंड ऑपरेशन्स सोसाइटी

एफएमएस दिल्ली

जीडी राउंड्स और एक्स्टेम्पोर राउंड्स के लिए, सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि आपमें अपनी राय या मूल तर्क को प्रभावी तरीके से प्रस्तुत करने की काबिलियत होनी चाहिए. इसके अलावा, आप अपना तर्क किसी फैक्ट के आधार पर प्रस्तुत करें या डिस्कशन में जिस प्वाइंट पर आप चर्चा कर रहे हैं, उस प्वाइंट को स्टैटिसटिक्स और डाटा के साथ पेश करें. इससे आपका तर्क ज्यादा विश्वसनीय और उपयुक्त बन जायेगा. इसलिए अपने तर्क कुछ फैक्ट्स के साथ पेश करें, ऐसा करने पर आपके तर्क ज्यादा अच्छी तरह समझ में आने लायक बन जायेंगे और जीडी तथा एक्स्टेम्पोर पैनल भी आपसे काफी प्रभावित हो जायेंगे.  

शुभांगी जैन

फर्स्ट इयर स्टूडेंट

एफएमएस दिल्ली

एमबीए एडमिशने के लिए स्क्रीनिंग प्रोसेस के हिस्से के तौर पर एक्स्टेम्पोर राउंड का आयोजन केवल एफएमएस दिल्ली में ही किया जाता है. जीडी राउंड का आयोजन कई अन्य बिजनेस स्कूल्स में भी किया जाता है. एक्स्टेम्पोर राउंड की तैयारी करने के लिए, आपको अपने पास कुछ प्वाइंट और चर्चित विषय लिख कर रखने चाहिए और फिर शीशे के सामने खड़े होकर आप उक्त टॉपिक्स पर अपने विचार प्रकट करने की प्रैक्टिस करें. वैकल्पिक रूप से, आप किसी टॉपिक की तैयारी 15 सेकंड्स में कर लें और फिर अपने सेल-फ़ोन पर अपने विचार रिकॉर्ड करें. इससे आपको एक्स्टेम्पोर स्पीच के लिए अपने प्वाइंट्स का मूल्यांकन करने में मदद मिलेगी और आप अपने पोस्चर, स्पीच और विचारों को प्रस्तुत करने के संबंध में मौजूदा कमियों को भी समय रहते दूर कर लेंगे. जीडी के लिए भी, कैंडिडेट्स अपने तर्क के लिए उपयुक्त विचारों को इसी तरीके से तैयार कर सकते हैं जिससे उन्हें रचनात्मक सहमति की तरफ अपने डिस्कशन को ले जाने में सहायता मिलेगी.

शिवानी जोशी

फर्स्ट इयर स्टूडेंट

एफएमएस दिल्ली

जीडी और एक्स्टेम्पोर राउंड्स के लिए, आप करेंट अफेयर्स और जनरल अवेयरनेस से जुड़े विभिन्न टॉपिक्स के संबंध में विभिन्न टॉपिक्स के बारे में बोलने की प्रैक्टिस जरुर करें. इसके लिए, आपको अपनी स्पीच के कंटेंट की काफी प्रैक्टिस करनी चाहिए और तर्कयुक्त प्वाइंट्स को अपनी स्पीच में शामिल करना चाहिए. आपको 1 मिनट तक लगातार उस टॉपिक पर बोलना चाहिए. आपको आत्म-विश्वास बढ़ाने के लिए रोज़ाना प्रैक्टिस करनी चाहिए जिससे आपको प्रभावी तरीके से अपने विचार प्रकट करने में सहायता मिलेगी.

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