वयोवृद्ध राजनयिक मिशेल काफांदो को बुर्किना फासो का अंतरिम राष्ट्रपति 17 नवंबर 2014 को चुना गया. मिशेल काफांदो नवंबर 2015 में देश में होने वाले चुनावों तक अपने पद पर बने रहेंगे. 23 अधिकारियों के एक पैनल ने काफांदो को अन्य उम्मीदवारों से अधिक तरजीह देते हुए चुना. अन्य उम्मीदवारों में पत्रकार चेरिफ साई और समाजशास्त्री एवं पूर्व–मंत्री जोसेफीन ऊड्राओगो शामिल हैं. मिशेल काफांदो की नियुक्ति की संवैधानिक परिषद द्वारा पुष्टि की जानी है.
मिशेल काफांदो वर्ष 1981 और वर्ष 1982 के बीच बुर्किना फासो के विदेश मंत्री थे. इससे पहले वर्ष 1998 से वर्ष 2011 तक मिशेल ने संयुक्त राष्ट्र में अपने देश के राजदूत के तौर पर अपनी सेवाएं दी.
ट्रांजिशन चार्टर
• ट्रांजिशन चार्टर छोटी अवधि का एक अंतरिम संविधान होता है जो कि सेना और नागरिक, विपक्ष एवं धार्मिक नेताओं के बीच के विवाद का हल होता है औऱ इस पर आधिकारिक तौर पर सेना हस्ताक्षर करती है.
• चार्टर के तहत, राष्ट्रपति एक प्रधानमंत्री नियुक्त करेगा, वह एक नागरिक या सैन्य कर्मी हो सकता है, जो कि 25 सदस्यों वाले ट्रांजिशनल सरकार का प्रमुख होगा.
• एक नागरिक 90–सीट वाली संसद जिसे नेशनल ट्रांजिशनल काउंसिल कहते हैं, का भी प्रमुख होगा.
• ट्रांजिशन ब्लूप्रिंट के एक मसौदे के मुताबिक, अंतरिम शासन के किसी भी सदस्य को नवंबर 2015 के चुनाव में खड़े होने की इजाजत नहीं होगी.
पृष्ठभूमि
यह फैसला अफ्रीकी संघ द्वारा दी गई एक समय सीमा के बाद किया गया जिसमें बुर्किना फासो को यह निर्देश दिया गया था कि वह 17 नवंबर 2014 तक अंतरिम संस्थाओं की स्थापना करे और अंतरिम राष्ट्रपति चुने या फिर प्रतिबंध का सामना करे. देश में बड़े पैमाने विरोध प्रदर्शन के बाद 31 अक्टूबर 2014 को वर्तमान राष्ट्रपति ब्लेज कैमपाओरे को मजबूरन इस्तीफा देना पड़ा था जिसके बाद से वहां नागरिक शासन लौट रहा था. वर्ष 1987 में तख्तापलट करने के बाद से कैमपाओरे ने इस देश पर 27 वर्षों तक शासन किया. कैमपाओरे को भूतपूर्व फ्रेंच उपनिवेशन के संविधान को बदल कर अपने शासन का विस्तार करने की वजह से हिंसक विरोध प्रदर्शन का सामना करना पड़ा और अपने पद को भी छोड़ना पड़ा. कैमपाओरे के निष्कासन के बाद से देश सेना के नियंत्रण में था.
Comments
All Comments (0)
Join the conversation