मिस्र के राष्ट्रपति मोहम्मद मुर्सी के इस्तीफे की मांग को लेकर देश भर में विरोध प्रदर्शन 30 जून 2013 को रात भर जारी रहे. मिस्र के ऊपरी हिस्से में हिंसक घटनाओं में 5 लोग मारे गए, जबकि जुलूस के दौरान प्रतिद्वंद्वी गुटों में झड़पों में 600 से ज्यादा लोग घायल हो गए. गुस्साये प्रदर्शनकारियों ने सत्तारूढ़ मुस्लिम ब्रदरहुड के काहिरा और अलेक्जेंड्रिया स्थित कार्यालयों पर हमले किए.
मिस्र का ध्वज लहराते हुए लाखों लोगों ने राष्ट्रपति मोहम्मद मुर्सी और मुस्लिम ब्रदरहुड के खिलाफ नारे बाजी की. वह राष्ट्रपति मोहम्मद मुर्सी की बर्खास्तगी और देश में जल्दी राष्ट्रपति चुनाव कराने की मांग कर रहे थे.
काहिरा के तहरीर स्क्वॉयर में रातभर प्रदर्शनकारी जमा रहे. वहीं राष्ट्रपति मोर्सी के समर्थकों ने हजारों की तादाद में सिटी के मस्जिद के बाहर डेरा डाला हुआ है.
मोहम्मद मुर्सी से संबंधित मुख्य तथ्य
• मोहम्मद मुर्सी मिस्र के 5वें राष्ट्रपति हैं. उन्होंने 30 जून 2012 को राष्ट्रपति पद संभाला था.
• मिस्र में हुए राष्ट्रपति चुनाव में मुस्लिम ब्रदरहुड के उम्मीदवार मोहम्मद मुर्सी को 24 जून 2012 को विजेता घोषित किया गया था.
• मोहम्मद मुर्सी को राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार तब बनाया गया, जब ब्रदरहुड के प्रभावशाली नेता खैरात अल-शातेर को चुनावी दौड़ से मजबूरी में बाहर होना पड़ा. अल-शातेर पर होस्नी मुबारक शासनकाल के दौरान आपराधिक मामले दर्ज किए गए थे.
• उन्हें ब्रदरहुड का प्रवक्ता बनाया गया और वर्ष 2011 में होस्नी मुबारक के सत्ता से हटने के बाद वह फ्रीडम पार्टी के अध्यक्ष बन गए थे.
• राष्ट्रपति के पद पर चुने जाने के बाद मोहम्मद मुर्सी ने मुस्लिम ब्रदरहुड के साथ ही फ्रीडम इन जस्टिस पार्टी के अध्यक्ष पद से भी इस्तीफा दे दिया था.
• मोहम्मद मुर्सी ने वर्ष 2000 से वर्ष 2005 तक ब्रदरहुड के संसदीय ब्लॉक में बतौर निर्दलीय काम किया. वह वर्ष 2001 से 2005 तक निर्दलीय सांसद थे.
• मोहम्मद मुर्सी ने वर्ष 1970 में काहिरा यूनिवर्सिटी से इंजीनियरिंग की और बाद में पीएचडी करने अमेरिका चले गए थे.
• मोहम्मद मुर्सी का जन्म 20 अगस्त 1950 को नील डेल्टा के प्रांत शरकिया के एक गाँव में हुआ था.
मुस्लिम ब्रदरहुड के मोहम्मद मुर्सी मिस्र के नए राष्ट्रपति चुने गए...
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