सूरीनाम गणराज्य के राष्ट्रपति चंद्रिका प्रसाद संतोखी 26 जनवरी 2021 को भारत के गणतंत्र दिवस परेड (Republic Day Parade) में मुख्य अतिथि होंगे. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, प्रधानमंत्री कार्यालय से जुड़े सूत्रों ने इसकी पुष्टि की है.
बता दें कि ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन गणतंत्र दिवस के परेड में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होने वाले थे, लेकिन ब्रिटेन में कोरोना वायरस के नए स्ट्रेन से बढ़े प्रकोप के चलते उन्होंने अपनी भारत यात्रा रद्द कर दी थी. इसके बाद सरकार की ओर से सूरीनाम के राष्ट्रपति को न्योता दिया गया, जिसे उन्होंने स्वीकार कर लिया.
प्रवासी भारतीय दिवस में भी शामिल
सूरीनाम के राष्ट्रपति चंद्रिका प्रसाद संतोखी इससे पहले 09 जनवरी 2021 को प्रवासी भारतीय दिवस में भी शामिल हुए थे, जहां उन्होंने अपने देश और भारत के बीच लोगों के मुक्त आवागमन के लिए एक प्रस्ताव दिया. उन्होंने इसके साथ ही द्विपक्षीय व्यापार एवं सांस्कृतिक संबंधों को मजबूत करने का समर्थन किया.
सूरीनाम जाने के लिए वीजा परमिट समाप्त
सूरीनाम के भारतीय मूल के राष्ट्रपति ने प्रवासी भारतीय दिवस के डिजिटल माध्यम से आयोजित कार्यक्रम में कहा कि सूरीनाम से भारत आने वाले यात्रियों के लिए वीजा परमिट समाप्त करके इस दिशा में पहला कदम उठाने के लिए सूरीनाम तैयार है. उन्होंने कहा कि व्यापार और पर्यटन के क्षेत्र में दोनों देशों के बीच सहयोग बढ़ाने की गुंजाइश भी है.
26 जनवरी की परेड इस बार खास होगी
गौरतलब है कि दिल्ली में 26 जनवरी को आयोजित होने वाली गणतंत्र दिवस परेड इस बार खास होगी. क्योंकि इस बार राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (NSG) के ब्लैक कैट कमांडो के साथ देश के सबसे बड़े अर्धसैनिक बल सीआरपीएफ की झांकी भी नजर आएगी.
राष्ट्रपति चंद्रिका प्रसाद संतोखी: एक नजर में
संतोखी ने 16 जुलाई 2020 को ही दक्षिण अमेरिकी राष्ट्र सूरीनाम गणराज्य के राष्ट्रपति पद की शपथ ली थी. उन्होंने शपथ ग्रहण के दौरान अपने हाथ में वेद रखे थे. उन्होंने संस्कृत में अपने पद और गोपनीयता की शपथ ली थी. उन्होंने इस मौके पर उपस्थित पंडितों के मंत्रोच्चार को भी दोहराया था.
चंद्रिका प्रसाद संतोखी अपने देश में चान प्रसाद के नाम से लोकप्रिय हैं और उन्होंने राष्ट्रपति चुनाव में पूर्व सैन्य नेता डेसी बॉउटर्स को हराया था.
यह एक पूर्व डच उपनिवेश है, जहां की आबादी करीब 5,87,000 है, जिनमें से 27.4 प्रतिशत लोग भारतीय मूल के हैं, जो की वहां का सबसे बड़ा जातीय समूह है. चंद्रिका प्रसाद की प्रोग्रेसिव रिफॉर्म पार्टी भारतीय समुदाय का ही प्रतिनिधित्व करती है. शुरू में इस पार्टी को यूनाइटेड हिंदुस्तानी पार्टी के नाम से जाना जाता था.
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