आईपीएस अधिकारी सुबोध कुमार जायसवाल को केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) का नया डायरेक्टर बनाया गया है. जायसवाल 1985 बैच के भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के अधिकारी हैं. कार्मिक मंत्रालय के आदेश के अनुसार, सुबोध कुमार जायसवाल दो साल तक सीबीआई डायरेक्टर के पद पर रहेंगे.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में 24 मई 2021 को हुई हाई लेवल कमिटी की मीटिंग में इसका फैसला लिया गया. इस कमिटी में भारत के चीफ जस्टिस एनवी रमना और लोकसभा में विपक्ष के नेता अधीर रंजन चौधरी शामिल थे. केंद्र सरकार की तरफ से उन्हें सीबीआइ निदेशक बनाए जाने की अधिसूचना 25 मई को जारी कर दी गई.
बीते फरवरी महीने में आरके शुक्ला के रिटायर होने के बाद देश की शीर्ष जांच एजेंसी के प्रमुख का पद रिक्त चल रहा था. बीते चार महीने से सीबीआइ के अपर निदेशक प्रवीण सिन्हा अस्थायी तौर पर जांच एजेंसी के निदेशक के तौर पर काम देख रहे थे.
IPS Subodh Kumar Jaiswal has been appointed as Director of Central Bureau of Investigation (CBI) for a period of 2 years pic.twitter.com/jFGwZbOen4
— ANI (@ANI) May 25, 2021
सुबोध कुमार जायसवाल के बारे में
• 22 सितंबर 1962 को जन्मे सुबोध कुमार जायसवाल 1985 बैच के आइपीएस हैं
• वह पूर्व में महाराष्ट्र के पुलिस महानिदेशक पद पर रहे हैं. वर्तमान में सुबोध कुमार जायसवाल केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) के महानिदेशक हैं.
• सुबोध कुमार के बारे में कहा जाता है कि उनका इंटेलिजेंस नेटवर्क काफी मजबूत है और इसी की वजह से वे खूफिया एजेंसी RAW में भी रह चुके हैं.
• सुबोध कुमार जायसवाल को जासूसों का मास्टर भी कहा जाता है. महाराष्ट्र में स्टांप पेपर घोटाला तथा मालेगांव ब्लास्ट के मामले की जांच में वे महत्वपूर्ण भूमिका निभा चुके हैं.
• इसके अतिरिक्त महाराष्ट्र ATS में रहते हुए उन्होंने आतंकवादियों से जुड़े मामलों पर भी काम किया है.
• उन्हें 2009 में उनकी विशिष्ट सेवा के लिए राष्ट्रपति पुलिस पदक से सम्मानित किया गया था.
• महाराष्ट्र में तैनात रहते हुए, जायसवाल ने कुख्यात तेलगी घोटाले की जांच की थी, जिसे बाद में सीबीआई ने अपने कब्जे में ले लिया था. उस समय वह राज्य रिजर्व पुलिस बल का नेतृत्व कर रहे थे.
Comments
All Comments (0)
Join the conversation