भारत का पहला विश्व विरासत शहर कौन-सा है, जानें
भारत में हर शहर की अपनी कहानी और अपना इतिहास है। वर्तमान में भारत में 7000 से अधिक शहर मौजूद हैं। इन शहरों की अपनी विशेषता है। इस कड़ी में विश्व विरासत सूची में भारत के कई शहर मौजूद हैं। हालांकि, क्या आप जानते हैं कि विरासत सूची में भारत का पहला शहर कौन-सा था। यदि नहीं, तो इस लेख के माध्यम से हम इस बारे में जानेंगे।
भारत में वर्तमान में 7000 से अधिक शहर मौजूद हैं। हर शहर की अपनी कहानी और विशेषता है, जिससे देशी-विदेशी पर्यटक शहरों की तरफ आकर्षित होते हैं और शहरों के दीदार के लिए चले आते हैं।
इन शहरों को खास बनाने में यहां की संस्कृति, अनूठी परंपराएं, खान-पान और एतिहासिक स्थल भी शामिल होते हैं, जिससे स्थानीय स्तर पर पर्यटन को बढ़ावा मिलता है। वहीं, भारत में कुछ स्थल ऐसे भी हैं, जिन्हें विश्व धरोहरों की सूची में अहम स्थान मिला है।
इस सूची में दुनियाभर के शहर भी शामिल हैं। ऐसे में क्या आप जानते हैं कि भारत का ऐसा पहला शहर कौन-सा है, जिसे विश्व विरासत शहरों की सूची में शामिल किया गया था। यदि नहीं, तो इस लेख के माध्यम से हम इस बारे में जानेंगे।
पढ़ेंः भारत का पहला सिनेमाघर कौन-सा है और क्या है इसकी कहानी, जानें
क्या होती है विश्व धरोहर
सबसे पहले हम यह जान लेते हैं कि आखिर विश्व धरोहर क्या होती है। विश्व धरोहर सूची में उन स्थानों को शामिल किया जाता है, जो कि मानवता के लिए महत्वपूर्ण स्थान होते हैं और जिन्हें आने वाली पीढ़ियों के लिए संरक्षित कर रखने की आवश्यकता होती है, उन्हें विश्व धरोहर की सूची में शामिल किया जाता है।
इसकी पहल UNESCO द्वारा की जाती है। विश्व धरोहर की सूची को लेकर 1972 में एक संधि पर समझौता हुआ था, जिसके तहत तीन श्रेणियों के विश्व धरोहर का संरक्षण किया जाता है।
प्राकृतिक धरहोर स्थलः प्राकृतिक धरोहर स्थल वे होते हैं, जो कि भौगोलिक और भौतिक रूप से सुंदर होते हैं या फिर इन दोनों दृष्टियों से विज्ञान के लिए महत्वपूर्ण होते हैं या फिर किसी विलुप्त होते वन्यजीव की वनस्पती का प्राकृतिक आवास होते हैं।
सांस्कृतिक धरोहर स्थलः सांस्कृतिक धरोहर स्थलों में स्मारक, मूर्तिकारी, चित्रकारी, स्थापत्य,मानव का काम या फिर मानव और प्रकृति के संयुक्त कार्य का परिणाम आदि होते हैं। ये मानवता और मानवविज्ञान के लिए अतिमहत्वपूर्ण होते हैं।
मिश्रित धरोहर स्थलः इस श्रेणी में वे स्थल आते हैं, जो कि प्राकृतिक और सांस्कृतिक रूप से महत्वपूर्ण होते हैं। इन्हें मिश्रित धरोहर की सूची में शामिल किया जाता है।

भारत का पहला विश्व विरासत शहर कौन-सा है
अब जान लेते हैं कि आखिर भारत का पहला विश्व विरासत शहर कौन-सा है। आपको बता दें कि गुजरात राज्य के अहमदाबाद शहर को विश्व विरासत समिति के 41वें सत्र के दौरान यूनेस्कों की सूची में शामिल किया गया था।
यह इस सूची में शामिल होने वाला भारत का पहला और एशिया का तीसरा शहर था। इससे पहले श्रीलंका का गाले और नेपाल में भक्तपुर शहर विश्व विरासत शहरों की सूची में शामिल हो गए थे।
अहमदबाद शहर में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण द्वारा 26 सरंचनाओं को संरक्षित किया गया है। यहां पर 10 एतिहासिक दरवाजे हैं, जो कि यहां की बेहतरीन वास्तुकला को दर्शाते हैं। यहां के चबूतरें, पोल व गलियों और इन गलियों में रहने वाले लोगों के रहन-सहन को भी शामिल किया गया है।
पढ़ेंः भारत में किस शहर को कहा जाता है ‘फूलों का शहर’, जानें
पढ़ेंः भारत में किस शहर को कहा जाता है 'पहलवानों का शहर', जानें
A seasoned journalist and Multimedia Producer with over 8 years of experience in print and digital media, Kishan specializes in turning complex topics into clear, compelling narratives. Currently working as a Senior Content Writer in the GK section at Jagran Josh, he brings deep subject expertise in History, Polity, and Geography, writing on national and international affairs from a general knowledge perspective. He can be reached at Kishan.kumar@jagrannewmedia.com.