मंगलवार को एक महत्वपूर्ण खगोलीय घटना घटी जिसकी वजह से सौर मंडल में एक अद्भुत नज़ारा देखने को मिला। इस वक्त मंगल ग्रह प्रथ्वी के सबसे नज़दीक था और नारंगी रंग में चमकता हुआ आम दिनों की अपेक्षा ज़्यादा बड़ा दिखाई दिया।
You don't need a spacecraft to see Mars! You can’t miss it in the eastern sky just after sunset or toward the south by midnight local time. Today Mars is at opposition, meaning it’s positioned directly opposite the Sun, which makes it especially bright. https://t.co/gAbOkp9Fs3 pic.twitter.com/N59zEyXYEh
— NASA Mars (@NASAMars) October 13, 2020
इस मंगलवार को शाम के समय जब पश्चिम में सूर्य अस्त हो रहा था तो पूर्व में मंगल उदय हो रहा था। इस खगोलीय घटना को जो लोग नहीं देख पाए, उन्हें अब अगले 15 साल का इंतजार करना पड़ेगा। इसका सीधा सा मतलब है कि ऐसा नज़ारा साल 2020 के बाद सीधे 2035 में ही देखने को मिलेगा।
मार्स एट अपोजिशन
मंगल सौर मंडल का चौथा ग्रह है। पृथ्वी सूर्य से लगभग 93 मिलियन मील की दूरी पर स्थित है; मंगल औसतन 142 मिलियन मील दूर है। यह सौर मंडल के ठोस, घने आंतरिक ग्रहों में से अंतिम है, जिसमें बुध, शुक्र और पृथ्वी भी शामिल हैं।
पृथ्वी हर 365 दिन में एक बार सूर्य के चारों ओर घूमती है; मंगल ग्रह को ऐसा करने में 687 दिन लगते हैं, इसलिए मंगल पर एक साल लंबा है।
Source: NASA
मंगल और पृथ्वी के बीच की दूरी हर 26 महीने में सामान्य दूरी से काफी कम हो जाती है। ऐसा इसलिए होता है कि ये दोनों ग्रह अंडाकार मार्ग पर सूर्य की परिक्रमा करते हैं। साथ ही ये दोनों ग्रह अपने-अपने ग्रहपथों पर कुछ डिग्री झुके हुए हैं। इन वजहों से दोनों ग्रहों के बीच की दूरी कम ज्यादा होती रहती है।
लेकिन जब ये दूरी बिल्कुल कम हो जाती है तब पृथ्वी सीधे मंगल और सूर्य के बीच स्थित होती है और पृथ्वी, सूर्य और मंगल ग्रह एक सीध में दिखाई देते हैं। इसे विज्ञान की भाषा में मार्स एट अपोजिशन कहा जाता है।
मंगल 6 अक्टूबर को पृथ्वी के सबसे करीब था (पिछले 15 साल में सबसे करीब) लेकिन मंगलवार रात अधिक शानदार दिखाई दिया। ऐसा इसलिए है क्योंकि इस वक्त मंगल ग्रह ने पृथ्वी वासियों पर अधिक सूर्य के प्रकाश को प्रतिबिंबित किया। इस वजह से मंगल ग्रह इस महीने अधिक चमक रहा है।
जानें भारत के पहले प्रीमियम कॉटन ब्रांड 'कस्तूरी' के बारे में
Comments
All Comments (0)
Join the conversation