उड़ीसा के चांदीपुर के एकीकृत परीक्षण स्थल से दृश्य सीमा से परे और हवा से हवा में मार करने वाली स्वदेश निर्मित बैलिस्टिक मिसाइल अस्त्र का सफल परीक्षण मई 2011 के तीसरे सप्ताह में दो दिनों में दो बार लगातार किया गया. रक्षा शोध एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) के अनुसार यह परीक्षण सफल रहा.
बैलिस्टिक मिसाइल अस्त्र में सुपरसोनिक रफ्तार से आमने सामने की स्थिति में 80 किमी की दूरी तक और पीछा करते हुए 20 किमी की दूरी तक दुश्मन के विमान को मार गिराने की क्षमता है. एसयू-30 एमकेआई, मिग-29 और हल्के विमान तेजस जैसे लड़ाकू विमानों के साथ जुड़ने से पहले बैलिस्टिक मिसाइल अस्त्र को मैदान और लड़ाकू विमानों से संबंधित कुछ कठिन और दोषरहित परीक्षणों से गुजरना बाकी है. ज्ञातव्य हो कि एसयू-30 एमकेआई लड़ाकू विमान से बैलिस्टिक बैलिस्टिक मिसाइल अस्त्र का परीक्षण नवम्बर 2009 में पुणे के पास किया गया था.
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