जानें चुम्बकीय क्षेत्र के उपयोग के बारे में

चुम्बक के चारों और वह क्षेत्र, जिसमें चुम्बक के प्रभाव का अनुभव किया जा सकता है को चुम्बकीय क्षेत्र (Magnetic field) कहते हैं. आइये इस लेख के मध्य्य्म से अध्ययन करते हैं कि चुम्बक, चुम्बकीय क्षेत्र क्या होता है और इसका क्या और कहा उपयोग किया जाता है.
Apr 23, 2018 17:27 IST
    What are the uses of magnetic fields?

    प्राक्रतिक चुम्बक (Natural Magnet) प्रक्रति में पाया जाने वाला एक पत्थर है जो लोहे के छोटे-छोटे टुकड़ों को अपनी और आकर्षित करता है. यह पत्थर लोहे का ऑक्साइड (Fe3O4)  है. इसकी कोई निश्चित आक्रति नहीं होती है.

    कुछ पदार्थों को कृत्रिम विधियों द्वारा चुम्बक बनाया जा सकता है, जैसे लोहा, इस्पात, कोबाल्ट, इत्यादि. इन्हें कृत्रिम चुम्बक (artificial magnet) कहते हैं. इनकी आक्रतियाँ विभिन्न होती हैं जैसे घोड़ानाल चुम्बक, चुम्बकीय सुई इत्यादि. क्या आप जानते हैं कि इनकी लोहे के टुकड़ों को आकर्षित करने की शक्ति, प्राक्रतिक चुम्बकों की अपेक्षा कहीं अधिक होती है.

    अत: चुम्बक के चारों और वह क्षेत्र, जिसमें चुम्बक के प्रभाव का अनुभव किया जा सकता है को चुम्बकीय क्षेत्र (Magnetic field) कहते हैं.

    चुम्बकीय प्रवृत्ति (Magnetic Susceptibility) वह भौतिक राशि है जो यह बताती है कि कोई पदार्थ कितनी सुगमता से चुम्बकत्व ग्रहण कर लेता है. चुम्बकीय बल लगाकर लोहा, एलुमिनियम आदि पदार्थों को चुम्बकित किया जा सकता है.

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    आइये चुम्बकीय क्षेत्र के उपयोग के बारे में अध्ययन करते हैं
    1. हम सब जानते हैं कि प्राचीनतम उपयोग चुम्बक का नाविकों द्वारा दिशा जानने के लिए, किया गया था. आज compass box का प्रयोग किया जाता है.
    2. लोह पदार्थों की पहचान करने के लिए चुम्बक का प्रयोग किया जाता है. खराद पर काम करने वाले मजदूरों की आंख में लोह का बुरादा चले जाने पर चुम्बक की सहायता से उन्हें निकाला जाता है.
    3. ध्वनि अभिलेखन व पुनरुत्पादन के लिए टेप रिकॉर्डर बनाए गए है. टेप के ऊपर चुम्बकीय पदार्थ की एक पर्त में परिवर्तित चुम्बकीय क्षेत्र का अभिलेखन किया जा सकता है. संगीत, भाषण इत्यादि ध्वनियों को इन टेप पर रिकॉर्ड तथा ‘बाद में कभी’ भी सुना जा सकता है.
    4. वीडियो टेप में न केवल ध्वनि अपितु चित्रों का भी अंकन चुम्बकीय क्षेत्र की परिवर्ती तीव्रता के रूप में किया जा सकता है. चलचित्रों को वीडियो टेप पर रिकॉर्ड किया जा सकता है. वीडियो कैमरा द्वारा किसी भी आयोजन को चुम्बकीय वीडियो के रूप पर अभिलेखित किया जा सकता है.
    5. कंप्यूटर के क्षेत्र में चुम्बकीय मेमोरी का बहुत महत्व है. फ्लॉपी डिस्क पर भी चुम्बकीय पदार्थ का लेप होता है. आंकड़ों को बहुत सुग्राहिता से  फ्लॉपी डिस्क पर लिखा व मिटाया जा सकता है.

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    6. ATM कार्ड, क्रेडिट कार्ड व डेबिट कार्ड के पीछे चुम्कीय पदार्थ के लेप की एक पट्टी होती है. इस पट्टी में ही प्रयोगकर्ता की पहचान व उसका कोड छिपा रहता है. बैंकों व व्यापारिक प्रतिष्ठानों की मशीन में डालकर किसी भी समय मुद्रा विनिमय किया जा सकता है.
    7. विद्दुत-चुम्बकीय में चुम्बकीय क्षेत्र का बहुत महत्व है. विद्दुत-चुम्बकीय प्रेरण का प्रयोग बिजली घरों में प्रयोग आने वाले जेनरेटरों में गाड़ियों के डायनमों में होता है.
    8. आवेशित कणों को त्वरित करने के लिए चुम्बकीय क्षेत्र का प्रयोग होता है. इन त्वरित कणों का नाभकीय प्रयोगों में बहुत महत्व है.
    9. ऐम्पियर मीटर द्वारा बिना परिपथ में जोड़े अधिक धारावाही तारों में बहती धारा का मान पढ़ा जा सकता है. यह धरा के चुम्बकीय प्रभाव पर आधारित यंत्र है.
    10. MRI में चुम्बकीय क्षेत्र के प्रभाव में उच्च आव्रत्ति की रेडियो तरंगों का मानव शरीर के विभिन्न भाग भिन्न अनुपात में अवशोषण करके एक प्रतिच्छाया (Image) बनाते हैं जिससे शरीर के भीतरी भाग में अनियमित्ताओं का पता चलता है तथा उसकी चिकित्सा की जाती है.
    उपरोक्त लेख से ज्ञात होता है कि चुम्बक और चुम्बकीय क्षेत्र क्या होता है और चुम्बकीय क्षेत्र का उपयोग कहाँ-कहाँ किया जाता हैं.

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