वाशिंग सोडा क्या है और इसका उत्पादन कैसे होता है?

वाशिंग सोडा (Washing Soda) सोडियम कार्बोनेट है जिसमें क्रिस्टलीकरण पानी के 10 अणु होते हैं. इसका उपयोग ग्लास, साबुन, डिटर्जेंट, पेपर इत्यादि के निर्माण में किया जाता है. आइये वाशिंग सोडा, इसका उत्पादन, गुण और उपयोगों के बारे में इस लेख के माध्यम से अध्ययन करते हैं.
May 4, 2018 17:09 IST
    What is Washing Soda and how it is produced?

    वाशिंग सोडा सोडियम कार्बोनेट है जिसमें क्रिस्टलीकरण पानी के 10 अणु होते हैं. तो, हम कह सकते हैं कि वाशिंग सोडा सोडियम कार्बोनेट डेकाहाइड्रेट (Na2CO3.10H2O)  है.

    वह सोडियम कार्बोनेट जिसमें पानी का कोई क्रिस्टलीकरण नहीं होता है उसे निर्जलीय सोडियम कार्बोनेट या सोडा ऐश (Na2CO3) कहते है.

    वाशिंग सोडा कैसे बनाया जाता है?

    निम्नलिखित तीन चरणों में, सोडियम क्लोराइड या सामान्य नमक से वाशिंग सोडा को बनाया जाता है.

    सबसे पहले, सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट प्राप्त करने के लिए अमोनिया और कार्बन डाइऑक्साइड के साथ एक ठंडा और केंद्रित सोडियम क्लोराइड समाधान प्रतिक्रिया करता है.

    ये सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट पानी में थोड़ा घुलनशील होता है, इसलिए यह ठोस रूप में बनता है.

    NaCl +NH3 +CO2 +H2O → NaHCO+NH4Cl

    दूसरा, अब सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट निस्पंदन (filter) द्वारा अलग किया जाता है और फिर गर्म करके सुखाया जाता है. सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट को जब गर्म किया जाता है तो सोडियम कार्बोनेट विघटित होता है. यह निर्जलीय सोडियम कार्बोनेट सोडा ऐश के रूप में जाना जाता है.

    2NaHCO3 → Na2CO3 +H2O +CO2

                      सोडा ऐश

    सोडियम कार्बोनेट के बनने की प्रक्रिया को सॉल्वे प्रक्रिया भी कहते है. परन्तु ये प्रक्रिया होने से पहले कैल्शियम कार्बोनेट (चूना पत्थर) को गर्म करके कार्बन डाइऑक्साइड को बनाया जाता है.

    तीसरा, निर्जलीय सोडियम कार्बोनेट या सोडा ऐश में पानी को मिलाया जाता है ताकि क्रिस्टलीकरण पानी के 10 अणु युक्त वाशिंग सोडा के क्रिस्टल को प्राप्त किया जा सके.

    Na2CO3 + 10H2O → Na2CO3.10H2O

                                   वाशिंग सोडा

    रासायनिक अभिक्रियाएं कितने प्रकार की होती हैं

    वाशिंग सोडा के गुण क्या हैं?

    - वाशिंग सोडा एक पारदर्शी क्रिस्टलीय ठोस पदार्थ है.

    - यह कुछ धातु कार्बोनेट्स में से एक है जो पानी में घुलनशील होते हैं.

    - क्या आप जानते हैं कि पानी में वाशिंग सोडा का समाधान क्षारीय होता है जो लाल लिटमस को नीले रंग में बदल देता है?

    - वाशिंग सोडा में डिटर्जेंट या सफाई के गुण होते हैं क्योंकि यह गंदे कपड़े से गंदगी और तेल के धब्बों को हटा सकता है.

    - इसका गलनांक 851C होता है.

    वाशिंग सोडा के उपयोग क्या हैं?

    - कपड़े धोने जैसे घरेलू उद्देश्यों के लिए वाशिंग सोडा का उपयोग सफाई एजेंट के रूप में किया जाता है. वास्तव में सोडियम कार्बोनेट कई शुष्क साबुन पाउडर का एक घटक भी है.

    - इसका उपयोग पानी की स्थायी कठोरता को हटाने के लिए भी किया जाता है.

    - यह कांच, साबुन और कागज के निर्माण में प्रयोग किया जाता है.

    - यह बोरेक्स जैसे सोडियम यौगिकों के निर्माण में प्रयोग किया जाता है.

    - यह लॉन्ड्री में सबसे महत्वपूर्ण एजेंट है.

    - इसका उपयोग पेपर, कपड़ा, साबुन, और डिटर्जेंट उद्योगों में किया जाता है.

    इसलिए, हम कह सकते हैं कि वाशिंग सोडा सोडियम कार्बोनेट है जो पानी के 10 अणुओं के साथ मिलकर बनता है जिसे मुख्य रूप से सफाई एजेंट के रूप में उपयोग किया जाता है.

    धातुओं के बारे में महत्वपूर्ण तथ्य

    Loading...

    Register to get FREE updates

      All Fields Mandatory
    • (Ex:9123456789)
    • Please Select Your Interest
    • Please specify

    • ajax-loader
    • A verifcation code has been sent to
      your mobile number

      Please enter the verification code below

    Loading...
    Loading...