UPSC सिविल सेवा 2019: जानें क्या हैं टॉपर प्रदीप सिंह की सफलता के 5 मूल मंत्र जिनके द्वारा उन्होंने हासिल किया AIR 1
UPSC सिविल सेवा परीक्षा 2019 टॉपर प्रदीप सिंह ने सफलता का यह मुकाम कड़ी मेहनत और चुनौतियों को पार कर हासिल किया है। इस लेख में पढ़िए प्रदीप सिंह द्वारा तैयारी के लिए बताये गए महत्वपूर्ण टिप्स जिनकी वजह से वह सफलता हासिल कर पाए हैं।
UPSC सिविल सेवा परीक्षा 2019 के टॉपर प्रदीप सिंह मलिक हरियाणा के सोनीपत जिले के रहने वाले हैं। एक किसान के बेटे प्रदीप अपने करियर में हमेशा एक उज्ज्वल छात्र रहे हैं। UPSC की परीक्षा में जहां कुछ सौ सीटों के लिए लाखों उम्मीदवार परीक्षा देते हैं वहीं प्रदीप ने परीक्षा टॉप कर इतिहास में अपना नाम अर्जित किया। हालाँकि उनका यह सफर आसान नहीं रहा। प्रदीप ने अपनी नौकरी के साथ साथ ही UPSC की तैयारी की और चौथे अटेम्प में अपना IAS बनने का सपना पूरा किया। यह सपना पूरा करने के लिए प्रदीप ने मेहनत के साथ साथ सही रणनीति, दृढ मानसिक संतुलन और अपने लक्ष्य के प्रति निष्ठा बनाए रख कर पूरा किया। वह UPSC की तैयारी कर रहे उम्मीदवारों को इन 5 ख़ास बातों का ध्यान रखने की सलाह देते हैं जो उन्हें सफलता के शिखर तक पहुँचने में मदद करेंगी।
UPSC सिविल सेवा परीक्षा 2019: जानें 5 टॉपर्स की सफलता की कहानी
साप्ताहिक टाइम टेबल सेट करें

प्रदीप सिंह का कहना है की उनका टॉप करने का फार्मूला साप्ताहिक पाठ्यक्रम है। उन्होने साप्ताहिक तय पाठ्यक्रम का शेड्यूल अपने जीवन में 12वीं से ही अपनाया है। प्रदीप कहते है कि पढ़ाई को घंटों में ना बांटेबल्कि एक सप्ताह में कितना पढ़ना है यह तय कर लें। इस तय पाठ्यक्रम को उसी सप्ताह में ही पूरा करें। प्रदीप का मानना है कि हर दिन कोई तय घंटे पढ़ाई नहीं कर सकता है। इसीलिए साप्ताहिक गोल्स सेट करें और उन्हें 7 दिनों के अंदर ही पूरा करें।
टाइम मैनेजमेंट है महत्वपूर्ण
प्रदीप सिंह टाइम मैनेजमेंट को पढ़ाई का सबसे बड़ा मूल मंत्र मानते हैं। वह कहते हैं कि अगर आप टाइम मैनेजमेंट से पढ़ाई करेंगे तो अपने तय साप्ताहिक गोल्स को जरूर पूरा कर पाएंगे। प्रदीप का कहना है कि टाइम मैनेजमेंट को फॉलो करने के लिए सबसे खास बात है कि जब भी पढ़ें पूरी एकाग्रता से पढ़ें और अपने ध्यान को भटकने ना दें। तैयारी के समय परिणाम की चिंता ना करें। प्रदीप कहते हैं कि परिणाम की चिंता करने से टॉपर तो दूर सफलता मिलने में भी मुश्किलें होंगी।
नौकरी के साथ-साथ भी कर सकते हैं UPSC क्लियर
प्रदीप बताते हैं की उनके परिवार की आर्थिक स्थिति ऐसी नहीं थी की वह नौकरी छोड़ कर UPSC की तैयारी कर सकें। इसीलिए उन्होंने नौकरी के साथ-साथ ही पढ़ाई की। उनका कहना है की यदि आप दिन का एक एक मिनट इस्तेमाल करें तो इस परीक्षा को पास करना मुश्किल नहीं। प्रदीप सुबह ऑफिस जाने से पहले पढ़ते थे और घर से ऑफिस के सफर में भी पढ़ते थे। ऑफिस के लंच टाइम में अपना लंच जल्दी ख़त्म कर भी वह पढ़ने के लिए कुछ समय निकाल लेते थे। अर्थात आप अपने दिन के प्रत्येक मिनट का फायदा पढ़ने के लिए उठाए।
परिवार और दोस्तों का इमोशनल सपोर्ट लें

UPSC टॉपर प्रदीप सिंह कहते हैं कि हर परीक्षा की तैयारी में परिवार, दोस्त, और शिक्षक काफी अहम होते हैं। वह आपको हर तरह से प्रोत्सहित करते हैं जिसका परीक्षा की तैयारी पर सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। प्रदीप कहते हैं कि उन्हें तैयारी के दौरान परिवार, दोस्तों और शिक्षकों का काफी सहयोग मिला। इन सबका परिणाम है कि वह आज UPSC टॉपर बने हैं। प्रदीप का मानना है कि परिवार का सहयोग आपको कैसा मिल रहा है, यह तैयारी के दौरान मानसिक तौर पर काफी अहम होता है।
नेगेटिविटी से दूर रहें
UPSC की तैयारी कर रहे छात्रों को प्रदीप सलाह देते हैं की “अपना ध्यान और एकाग्रता हमेशा बनाए रखें। ऐसे क्षण हो सकते हैं जब आपको लगता है कि आप इसे नहीं कर पाएंगे लेकिन यही वह समय है जब आपका दृढ़ संकल्प मदद करता है। अपने विचारों पर नियंत्रण रखें और धैर्य ना खोएं। नेगेटिव लोगों और सोच से दूरी बना कर रखें और अपने लक्ष्य पर फोकस करें।"
प्रदीप सिंह ने बताया कि उनकी तैयारी के दौरान ऐसा समय भी था जब उन्हें लगा कि वह अपना ध्यान खो रहे हैं, लेकिन उनके पिता उन्हें प्रेरित करते रहे। उन्होंने कहा कि सिविल सेवा परीक्षा में सफल होने के लिए निरंतरता और फोकस जरूरी है। उन्होंने कहा, "यूपीएससी निरंतरता के साथ-साथ ध्यान केंद्रित करने की मांग करता है। एक समय जब मैं यह काम कर रहा था, मुझे लग रहा था कि मैं परीक्षा पर अपना ध्यान केंद्रित करने में असमर्थ हूं। लेकिन मेरे पिता मुझे प्रेरित करते रहे" इसे एक सपने के सच होने के रूप में बताते हुए प्रदीप सिंह कहते हैं कि वह भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) में शामिल होना चाहते हैं क्योंकि वह समाज के वंचित और गरीब वर्गों के लिए काम करने के इच्छुक हैं।