पूर्वोत्तर भारत की सबसे ऊंची चोटी कौन-सी है, जानें

Sep 24, 2024, 18:49 IST

पूर्वोत्तर भारत अपनी विविधता और सांस्कृतिक विरासत के लिए देश-दुनिया में जाना जाता है। इस क्षेत्र में कुल आठ राज्य आते हैं, जिसमें अरूणाचल प्रदेश से लेकर त्रिपुरा तक शामिल है। ऐसे में क्या आप जानते हैं कि पूर्वोत्तर भारत की सबसे ऊंची चोटी कौन-सी है, यदि नहीं, तो इस लेख के माध्यम से हम इस बारे में जानेंगे। 

पूर्वोत्तर भारत की सबसे ऊंची चोटी
पूर्वोत्तर भारत की सबसे ऊंची चोटी

पूर्वोत्तर भारत प्राकृतिक सौंदर्य, सांस्कृतिक विविधता और समृद्ध परंपराओं के लिए जाना जाता है। इसमें कुल राज्यों की बात करें, तो इसमें आठ राज्य आते हैं, जिसमें अरुणाचल प्रदेश, असम, मणिपुर, मेघालय, मिज़ोरम, नागालैंड, सिक्किम, और त्रिपुरा है

यह क्षेत्र न सिर्फ अपनी भौगोलिक स्थिति के लिए जाना जाता है, बल्कि जनजातीय विविधता और अद्वितीय सांस्कृतिक पहचान के लिए भी जाना जाता है। इस कड़ी में क्या आप जानते हैं कि पूर्वोत्तर भारत की सबसे ऊंची चोटी कौन-सी है, यदि नहीं, तो इस लेख के माध्यम से हम इस बारे में जानेंगे।

पूर्वोत्तर भारत की भौगोलिक विशेषताएं

पूर्वोत्तर भारत में आपको घने जंगल से लेकर ऊंचे पर्वत व नदियों का साथ देखने को मिल जाएगा। साथ ही यहां की घाटियां और मैदान इसे और आकर्षक बनाने में मदद करते हैं। यहां एक तरफ ब्रह्मपुत्र और बराक नदियों का प्रवाह होता है, तो दूसरी तरफ यहां बर्फीली चोटियां हैं। साथ ही चाय के बगान भी यहां की सुंदरता को बढ़ाते हैं।

पूर्वोत्तर भारत की सांस्कृतिक विविधता

पूर्वोत्तर भारत की सांस्कृतिक विविधता की बात करें, तो यहां अलग-अलग जनजातियों का निवास देखने को मिल जाएगा। साथ ही यहां भाषा और पंरपराओं में भी सांस्कृतिक विविधता है। मेघालय की खासी, गारो और जयंतियां जनजातियों की विविधता भी यहां देखने को मिलती है। 

पूर्वोत्तर भारत की सबसे ऊंची चोटी

अब सवाल है कि पूर्वोत्तर भारत की सबसे ऊंची चोटी कौन-सी है, तो आपको बता दें कि कंचनजंघा पूर्वोत्तर की सबसे ऊंची चोटी है।

कितनी ऊंची है चोटी 

कंचनजंघा दुनिया की तीसरी सबसे ऊंची चोटी है और यह सिक्किम के उत्तर-पश्चिम भाग में स्थित नेपाल की सीमा पर है। इसकी कुल ऊंचाई की बात करें, तो यह 8598 मीटर है। 

नेपाल में इस नाम से जाना जाता है 

इस पर्वत कोअलग-अलग नाम से जाना जाता है। नेपाल में इस पर्वत को हम कुंभकरन लंगूर के नाम से जानते हैं। 

पर्वत की भौगोलिक स्थिति

कंचनजंघा पर्वत का आकार विशालकाय है, जिसकी भुजाएं उत्तर, दक्षिण, पूर्व और पश्चिम में स्थित है। अलग-अलग खड़े शिखर अपने निकटवर्ती शिखर से चार मुख्य पर्वतीय कटकों द्वारा जुड़े हुए हैं, जिनसे होकर चार हिमनद बहते हैं, जो कि जेमु (पूर्वोत्तर), तालूंग (दक्षिण-पूर्व), यालुंग (दक्षिण-पश्चिम) और कंचनजंगा (पश्चिमोत्तर) है।

हम उम्मीद करते हैं कि यह लेख आपको पसंद आया होगा। इसी तरह सामान्य अध्ययन से जुड़ा अन्य लेख पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें।

पढ़ेंः हरियाणा के किस जिले को कहा जाता है कॉटन सिटी, जानें




Kishan Kumar
Kishan Kumar

Senior content writer

A seasoned journalist with over 7 years of extensive experience across both print and digital media, skilled in crafting engaging and informative multimedia content for diverse audiences. His expertise lies in transforming complex ideas into clear, compelling narratives that resonate with readers across various platforms. At Jagran Josh, Kishan works as a Senior Content Writer (Multimedia Producer) in the GK section. He can be reached at Kishan.kumar@jagrannewmedia.com
... Read More

आप जागरण जोश पर भारत, विश्व समाचार, खेल के साथ-साथ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए समसामयिक सामान्य ज्ञान, सूची, जीके हिंदी और क्विज प्राप्त कर सकते है. आप यहां से कर्रेंट अफेयर्स ऐप डाउनलोड करें.

Trending

Latest Education News