भारत के सूती वस्त्र उद्योग का भौगोलिक वितरण

भारत का सबसे प्राचीन एवं बड़ा उद्योग है- सूती वस्त्र उद्योग। सूती वस्त्र उद्योग की उत्पत्ति 1818 ई. से हुई है जब पहली बार सूती कपड़ा मिल कलकत्ता के पास फोर्ट ग्लस्टर में शुरू की गई थी, लेकिन पहली आधुनिक सूती कपड़ा मिल की स्थापना 1854 में बॉम्बे स्पिनिंग एंड वीविंग द्वारा स्थानीय पारसी उद्यमी द्वारा की गई थी। इस लेख में हमने भारत के सूती वस्त्र उद्योग का भौगोलिक वितरण के बारे में बताया है जो UPSC, SSC, State Services, NDA, CDS और Railways जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बहुत ही उपयोगी है।
Jan 28, 2019 15:50 IST
    Geographical Distribution of Cotton Textile Industry in India HN

    भारत का सबसे प्राचीन एवं बड़ा उद्योग है- सूती वस्त्र उद्योग। सूती वस्त्र उद्योग की उत्पत्ति 1818 ई. से हुई है जब पहली बार सूती कपड़ा मिल कलकत्ता के पास फोर्ट ग्लस्टर में शुरू की गई थी, लेकिन पहली भारत की आधुनिक सूती कपड़ा मिल की स्थापना 1854 में बॉम्बे स्पिनिंग एंड वीविंग द्वारा स्थानीय पारसी उद्यमी द्वारा की गई थी।

    भारत में सूती वस्त्र उद्योग को चार क्षेत्रों में वितरित किया गया है: पश्चिमी क्षेत्र, दक्षिणी क्षेत्र, उत्तरी क्षेत्र और पूर्वी क्षेत्र। महाराष्ट्र, गुजरात, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, राजस्थान और पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में इस उद्योग की एकाग्रता बहुत अधिक है और विशेष रूप से बंबई, अहमदाबाद और कोयम्बटूर के तीन शहरों में।

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    भारत के सूती वस्त्र उद्योग का भौगोलिक वितरण

    1. महाराष्ट्र

    यह भारत में सूती वस्त्रों का प्रमुख निर्माता है। मुंबई को "कॉटनपोलिस ऑफ इंडिया" भी बोला जाता है। कपड़ा उद्योग शोलापुर, कोल्हापुर, पुणे, जलगाँव, अकोला, सांगली, नागपुर, सतारा, वर्धा, औरंगाबाद और अमरावती तक भी फैल हुआ है।

    2. गुजरात

    यह महारास्ट्र के बाद सूती वस्त्रों का दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक है। अहमदाबाद को 'भारत का मैनचेस्टर और पूर्व का बोस्टन' कहा जाता है और यह मुंबई के बाद सूती वस्त्र उद्योग का दूसरा सबसे बड़ा केंद्र भी है। इस राज्य के अन्य महत्वपूर्ण केंद्र सूरत, वडोदरा, भरूच, भावनगर, नाडियाड, पोरबंदर, राजकोट, नवसारी, मौरी और वीरमगाम हैं।

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    3. तमिलनाडु

    चेन्नई, तिरुनेलवेली, मदुरै, तूतीकोरिन, सलेम, विरुदनगर और पोलाची इस राज्य के प्रमुख सूती कपड़ा केंद्र हैं। कोयंबटूर को 'दक्षिण भारत का मैनचेस्टर' कहा जाता है।

    4. उत्तर प्रदेश

    कानपुर, इटावा, मोदीनगर, मुरादाबाद, बरेली, हाथरस, आगरा, मेरठ और वाराणसी प्रमुख कपास उत्पादक केंद्र हैं। कानपुर को 'उत्तर प्रदेश का मैनचेस्टर' कहा जाता है।

    5. कर्नाटक

    बैंगलोर, बेलगाम, मंगलौर, चित्रदुर्ग, गलबर्गा और मैसूर प्रमुख सूती वस्त्र उत्पादक केंद्र हैं।

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    6. मध्य प्रदेश

    इंदौर, ग्वालियर, मंदसौर, देवास, उज्जैन, नागदा, भोपाल, जबलपुर और रतलाम प्रमुख कपास उत्पादक केंद्र हैं।

    7. राजस्थान

    कोटा, जयपुर, श्रीगंगानगर, भीलवाड़ा, भवानीमंडी, उदयपुर और किशनगंज प्रमुख सूती वस्त्र उत्पादक केंद्र हैं।

    8. पश्चिम बंगाल

    राज्य में प्रमुख सूती वस्त्र उत्पादन केंद्र कोलकाता, हावड़ा, सीरमपुर, श्यामनगर, सैकिया, मुर्शिदाबाद, हुगली और पनिहार हैं।

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